मेरठ (हि.स.)। सिविल लाइन थाना क्षेत्र के भामाशाह पार्क के गेट पर गाड़ी हटाने को लेकर हुए विवाद में पुलिसकर्मियों ने दो रणजी खिलाड़ियों की पिटाई कर दी। इसके बाद खिलाड़ियों को जीप में डालकर थाने ले गए। सीओ सिविल लाइन की जांच रिपोर्ट के बाद एसएसपी ने दो दरोगाओं को निलंबित कर दिया है और उनके खिलाफ विभागीय जांच बैठा दी है।
सिविल लाइन क्षेत्र में भामाशाह पार्क में क्रिकेट खिलाड़ी प्रेक्टिस करते हैं। रविवार की देर रात रणजी क्रिकेट खिलाड़ी नंगला इंचौली निवासी प्रशांत चौधरी और शामली निवासी विनीत पंवार खाना लेकर अपने रूम की ओर जा रहे थे। भामाशाह पार्क के मेन गेट के सामने कार खड़ी देखकर विनीत ने अपनी स्कूटी का हॉर्न बजा दिया। इस कार कार में बैठे दो दरोगा बाहर निकल आए और विनीत से भिड़ गए। विनीत ने अपने दोस्त प्रशांत को भी बुला लिया। वहां पर दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। आरोपित दरोगा ने थाने से गाड़ी बुलवा ली और दोनों खिलाड़ियों को बीच सड़क पर पीटा।
पुलिसकर्मी दोनों खिलाड़ियों को गाड़ी में डालकर थाने ले गए। सूचना पर कई क्रिकेट खिलाड़ी भी थाने पहुंच गए तो पुलिसकर्मी बैकफुट पर आ गए। आरोप है कि पुलिसकर्मी भामाशाह पार्क के गेट पर शराब पी रहे थे। मामले के तूल पकड़ने पर एसएसपी रोहित सिंह सजवाण ने सीओ सिविल लाइन अरविंद चौरसिया को रात में ही रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। सीओ ने अपनी रिपोर्ट में दोनों दरोगाओं के निलंबन की संस्तुति कर दी। सोमवार को एसएसपी ने इस रिपोर्ट के आधार पर दरोगा वरुण शर्मा और दरोगा जितेंद्र को निलंबित कर दिया। उनके खिलाफ विभागीय जांच भी बैठा दी गई है। वरुण एसओजी प्रभारी रह चुका है।
कुलदीप/बृजनंदन
