-सयुंक्त पुलिस आयुक्त के आदेश पर थाने रिहा हुआ नाबालिग
कानपुर(हि.स.)। सयुंक्त पुलिस आयुक्त आनंद प्रकाश तिवारी के आदेश पर आखिरकार कलक्टरगंज थाना पुलिस ने उस नाबालिग बच्चे को छोड़ना पड़ा, जिसे मारपीट के मामले में थाने में बैठाए रखा था।
उन्होंने यह जानकारी शनिवार सुबह पत्रकारों को देते हुए बताया कि नयागंज निवासी वकील का 15 वर्षीय नाबालिग बेटा शुक्रवार की शाम को घर का सामान लेने के लिए एक्सप्रेस रोड स्थित एक दुकान पर गया था। यहां पर दुकानदार और बच्चे की किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। दुकानदार ने बच्चे को दुकान के ऊपर बनी मंजिल पर ले जाकर बंधक बनाया। आरोप है कि बच्चे की बेरहमी से पिटाई की गई। परिवार ने कलक्टरगंज पुलिस को इस मामले से अवगत कराते हुए मदद की गुहार लगाई। पुलिस मारपीट के आरोपितों समेत नाबालिग बच्चे को छुड़वाने के बजाए अपराधी बनाकर थाने ले गई। अन्य आरोपितों के साथ बच्चे को भी थाने में बैठा दिया। थाना प्रभारी राम जनम गौतम ने उल्टा परिजनों पर दबाव बनाते हुए दोनों पक्षों को जेल भेजने की बात कही। करीब तीन से चार घंटे के बीच बच्चे को पुलिस अपराधियों संग ही बिठाए रही।
इस बीच सयुंक्त पुलिस आयुक्त आनंद प्रकाश तिवारी को मामले की जानकारी हुई तो उन्होंने फौरन बच्चे को छोड़ने का आदेश थाना प्रभारी को दिया। रात एक बजे के करीब थाने से बच्चे को छुड़वाकर परिवार के लोग घर पहुंचे।
सयुंक्त पुलिस आयुक्त ने कहा कि बच्चे से मारपीट का मामला था। दुकानदार के खिलाफ पीड़ित परिवार से तहरीर ले ली गई है। थाना प्रभारी से बच्चे को अपराधी संग बिठाने के मामले की जांच की जाएगी।
राम बहादुर/दीपक
