वाराणसी (हि.स.)। वाराणसी कचहरी परिसर में महिला और ट्रांसजेंडर नागरिकों के लिए अलग शौचालय की मांग कर मंगलवार को सामाजिक संस्था दख़ल संगठन ने हस्ताक्षर अभियान चलाया । कार्यकर्ताओं ने शौचालय सहित महिलाओं के लिए अलग सिटिंग बेंच, कॉमन रूम और काउंसलिंग रूम आदि के लिए जिलाधिकारी के प्रतिनिधि अफसर और बनारस बार के पदाधिकारियों को ज्ञापन सौंपा।
युवतियों के संगठन दख़ल की पदाधिकारी विजेता ने बताया कि कचहरी परिसर में महिला वकीलों, वादकारियों के बीच लैंगिक मुद्दों पर जरूरी बिन्दुओं पर ध्यान दिलाते हुए पर्चे का वितरण किया गया और हस्ताक्षर अभियान भी चलाया गया। परिसर में ट्रांसजेंडर नागरिकों और महिलाओं के लिए अलग सिटिंग बेंच, कॉमन रूम और काउंसलिंग रूम आदि के लिए डीएम के प्रतिनिधि अफसर को ज्ञापन पत्र सौंपा गया। संगठन की एक अन्य सदस्य ने बताया कि सार्वजनिक स्थानों पर प्रायः पाया गया है कि महिलाओं और ट्रांसजेंडर नागरिकों के लिए शौचालय, यूरिनल और प्रसाधन कक्ष आदि की समुचित व्यवस्था नहीं होती है। वाराणसी कचहरी में भी कई बार इस विषय को उठाने के बाद शुल्क देकर उपयोग किये जाने वाला पिंक टॉयलेट बनाया गया है,यह सरासर गलत है। दूरदराज से महिला वादकारी , महिला अधिवक्ता और कर्मचारी यहां दिन भर रहते हैं।ऐसे में इस बेहद जरूरी सुविधा को निःशुल्क होना ही चाहिए। कचहरी परिसर में रोज़ाना बड़ी संख्या में महिलाओं की उपस्थिति रहती है। यहां निःशुल्क सार्वजनिक महिला शौचालय की व्यवस्था करनी ही चाहिए। विभिन्न न्यायालयों, विभागों और अधिवक्ताओं की चौकी आदि पर महिला अधिवक्ता, कर्मचारी हों अथवा वादकारी उन्हें अक्सर असहज स्थिति का सामना करना पड़ता है।
श्रीधर
