स्थानीय समूह ने किया 10 दिन के बंद का एलान
राज्य डेस्क
इंफाल। Manipur बवाल की स्थिति फिर से गंभीर मोड़ पर पहुंच गई है, जब मेतेई संगठन अरमबाई टेंगोल के नेता की गिरफ्तारी के बाद स्थानीय समूहों ने दस दिन का बंद घोषित किया और प्रशासन ने घाटी के पांच जिलों में निषेधाज्ञा लागू कर दी। इस पूरे घटनाक्रम से इंफाल शहर में तनाव चरम पर है और लोगों में गहरी चिंता बनी हुई है।
हिंसक प्रदर्शन चार दिन से जारी
घटना की शुरुआत उस वक्त हुई जब अरमबाई टेंगोल के प्रमुख आसैम कानन शनिवार देर रात को एसीबी और सीबीआई द्वारा गिरफ्तार किए गए। इसके बाद रविवार को उरिपोक, कोइरेंगई और खुराई में लोग सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने रास्ता रोका, सड़क खोदी और जलते टायर फेंके! ऐसी हिंसा Manipur बवाल की आग में घी का काम कर रही है।
Manipur बवाल का असर पाँच जिलों में
प्रशासन ने Imphal West, Imphal East, Thoubal, Bishnupur और Kakching जिलों में निषेधाज्ञा की घोषणा की। साथ ही इंटरनेट, मोबाइल डाटा, वीएसएटी और वीपीएन सेवाओं को रात 11:45 बजे से पांच दिनों के लिए निलंबित कर दिया गया। इस कदम का मकसद सोशल मीडिया पर फैल रहे गलत सूचनाओं को रोकना बताया गया, लेकिन इससे अब Manipur बवाल को नियंत्रित करना और कठिन हो गया है।
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गैरकानूनी गतिविधियों की भयावहता
प्रदर्शनकारियों ने मुख्य मार्गों पर लकड़ी और टायर फेंके। कोइरेंगई में सड़क खोदकर मिट्टी का ढेर लगा दिया गया ताकि सुरक्षा बलों की आवाजाही रोकी जा सके । कुछ आत्मदाह की कोशिशों तक की तस्वीरें सामने आईं, जहां प्रदर्शनकारियों ने पेट्रोल डालकर अपनी जान को जोखिम में डाला । ऐसे दृश्यों ने Manipur बवाल को और भयावह बना दिया।
एक 13 वर्षीय बच्चे सहित कई घायल
इंफाल में सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले दागे, नकली बम फेंके और गोलियां चलाईं। एक 13 वर्षीय लड़का आंसू गैस के विस्फोट की चपेट में आ गया, जिसके पैर में गंभीर चोटें आईं। इसके अलावा रविवार तक कम से कम 11 लोग घायल बताए गए । इस प्रकार Manipur बवाल नागरिकों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है।
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राजभवन में हाई-लेवल समीक्षा
रविवार को राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने उच्च पदाधिकारियों के साथ सुरक्षा की समीक्षा बैठक की। विधायकों के 20 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने राजभवन पहुंचकर Manipur बवाल की मौजूद स्थिति की गंभीर जानकारी दी और शांति बहाली की अपील की। राज्यपाल ने उन्हें आश्वासन दिया कि समस्या का समाधान जल्द किया जाएगा।
अरमबाई टेंगोल ने बुलाया 10 दिन का बंद
अरमबाई टेंगोल ने गिरफ्तार कार्यकर्ताओं की रिहाई की मांग करते हुए पूरा राज्य में दस दिन का बंद घोषित किया । इंफाल पूर्व के खुराई की एक महिला समूह ने राज्य के बाहर विधायक को 10 जून शाम छह बजे तक लौटने का अल्टीमेटम दिया और धमकी दी कि यदि नहीं लौटे तो उन्हें राज्य में प्रवेश नहीं मिलेगा । इस कदम ने Manipur बवाल की स्थिति को और विभाजित कर दिया है।
सड़कें वीरान, इंटरनेट बंद, प्रशासन अलर्ट
रविवार शाम तक घाटी जिलों में बाजार, दुकानें बंद रहीं, सड़कों पर केवल सुरक्षा बलों की गाड़ियां दिखीं। लोगों में भय और असंतोष बढ़ता गया है, और Manipur बवाल की आग भड़कती जा रही है।
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