लखनऊ(हि.स.)। काकोरी थाना क्षेत्र में 14 फरवरी को हुई प्रॉपर्टी डीलर धर्मेन्द्र पाल की हत्या का खुलासा पुलिस ने शनिवार को कर दिया। हत्या उसके साथी ने ही की थी। पुलिस ने इस घटना में चार अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस आयुक्त एसबी शिरडकर ने कैम्प कार्यालय में प्रेसवार्ता में बताया कि धर्मेन्द्र पाल की हत्या में चार अभियुक्त गिरफ्तार किए गए हैं। इनमें प्रमुख रूप से नीरज यादव उर्फ पुजारी, उसके सहयोगी सरवन यादव, हिमांशु यादव उर्फ गोलू और शिवम यादव उर्फ शिवा यादव हैं। इनकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त पिस्टल, एक कारतूस सहित मोटर साइकिल बरामद हुई है।
काकोरी के बेहटा गांव निवासी धर्मेन्द्र पाल कई सालों से प्रॉपर्टी डीलिंग का काम नीरज के सहयेाग अथवा ब्रोकर के रूप में कर रहा था, लेकिन कुछ माह बाद उसने नीरज को बिना बताए अपना काम शुरू कर दिया। इससे नीरज उससे नाराज होने लगा और उसे धमकाने लगा। आरोप है कि नीरज के ग्राहक भी धर्मेन्द्र के साथ होकर उसे ही जमीन बेचने लगे थे। इस पर उसने योजना के तहत अपने साथियों के साथ मिलकर धर्मेन्द्र पाल की हत्या कर दी थी। सबसे बड़ी खास बात यह रही है कि जिस वक्त धर्मेन्द्र को नीरज ने धमकी दी थी तो उसने सारी बात अपनी पत्नी को बता दिया था। इस मर्डर केस के खुलासे में पुलिस ने धर्मेन्द्र की पत्नी के बयान के आधार पर जांच शुरू की और हत्या के आरोपित गिरफ्तार कर लिए गए।
पुलिस आयुक्त ने बताया कि धर्मेन्द्र पाल की हत्या के आरोपितों को न्यायालय के समक्ष पेश कर जेल भेजा जाएगा। घटना का खुलासा करने वाली टीम को 25 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा।
दीपक
