मेरठ (हि.स.)। हस्तिनापुर में बैंक मैनेजर की पत्नी और बच्चे की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। बैंक मैनेजर के बहनोई ने अपने रिश्तेदार के साथ मिलकर इस हत्याकांड को अंजाम दिया था। पुलिस ने आरोपित बहनोई को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दूसरे आरोपित की तलाश में जुटी है।
हस्तिनापुर की रामलीला ग्राउंड कॉलोनी निवासी संदीप कुमार बिजनौर के जलीलपुर में पीएनबी में मैनेजर है। सोमवार को संदीप ने अपने घर आकर देखा तो बाहर से ताला लगा था। ताला तोड़कर अंदर जाकर देखा तो पत्नी शिखा और बेटे रुद्रांश के शव बेड के अंदर पड़े थे। इसके साथ ही घर से 14 लाख रुपये के आभूषण, ढाई लाख रुपये नकद और स्कूटी गायब मिली। आईजी प्रवीण कुमार, एसएसपी रोहित सिंह सजवाण, एसपी देहात केशव कुमार ने मौके पर जाकर घटना का जायजा लिया था। इस हत्याकांड के खुलासे के लिए कई टीमों का गठन किया गया था। एसपी देहात खुद हस्तिनापुर में कैंप किए हुए थे। पुलिस शुरू से ही किसी करीबी द्वारा हत्याकांड को अंजाम देने की बात कह रही थी। बुधवार को शिखा की स्कूटी पर सवार दो बदमाशों की तस्वीरें सीसीटीवी कैमरों में कैद हुईं। हस्तिनापुर से लेकर गाजियाबाद तक सीसीटीवी कैमरों में स्कूटी कैद हो गई।
बहनोई पर जताया था पुलिस के सामने शकर
पुलिस ने संदीप के बहनोई हरीश गुर्जर को गिरफ्तार करके हत्याकांड का खुलासा कर दिया है। शिखा के पति और पिता ने पहले ही हरीश पर वारदात को अंजाम देने का शक जाहिर किया था। बहनोई की गलत हरकतों के कारण संदीप ने उसके घर पर प्रवेश करने पर रोक लगा दी थी। इसके बाद हरीश ने संदीप को देख लेने की धमकी दी थी। इसके बाद संदीप ने भी शिखा को हरीश को घर में नहीं घुसने देने को कहा था। एसएसपी रोहित सिंह सजवाण ने बताया कि एक आरोपित हरीश को गिरफ्तार कर लिया गया है।
प्रेम प्रसंग के बाद हुई थी शिखा और संदीप की शादी
उन्नाव निवासी श्रीप्रकाश कस्टम विभाग में तैनाती के दौरान शास्त्रीनगर में रहते थे। उनकी बेटी शिखा और संदीप एनएएस कॉलेज में एमए में साथ पढ़ते थे। संदीप की बैंक में नौकरी लग जाने के बाद परिजनों ने शिखा की उससे शादी कर दी। बैंक मैनेजर बनने के बाद संदीप ने अपने परिजनों और बहनोई हरीश से संपर्क खत्म कर दिया था। इसी बात से हरीश चिढ़ा हुआ था। हरीश गुर्जर का संदीप की बहन डोली से प्रेम विवाह हुआ था।
कुलदीप
