बांदा (हि.स.)। गुड फ्राइडे पर गिरजाघरों मेें विशेष आयोजन हुए। ईसाई समुदाय के लोगों ने प्रार्थना कर प्रभु यीशु को श्रद्धांजलि दी। आज ही के दिन यीशु को सूली पर चढ़ाया गया था। कार्यक्रमों की शुरुआत सुबह आवास विकास स्थित सेंट जार्ज व बेथेल चर्च में विशेष प्रार्थना से हुई।
पादरी ने प्रार्थनाएं कीं और प्रभु यीशु को सूली पर चढ़ाए जाने की घटना का जिक्र किया। पादरियों ने बताया कि फ्राइडे के दिन ही सुबह 9 बजे यीशु को क्रूस (सूली) पर चढ़ाया गया था।इस कारण विशेष प्रार्थना उसी समय की जाती है। इसमें मानव जाति के पापों की क्षमा की प्रार्थना की जाती है। एल्बर्ट रसकिन ने कहा कि प्रभु यीशु के दुनिया में आने और इंसानों के उद्धार के लिए अपने प्राण देने की भविष्यवाणी बहुत साल पहले कर दी गई थी।
रोडवेज स्थित सेंट पाल्स चर्च में दोपहर 12 बजे से तीन बजे तक प्रार्थना सभा हुई। यीशु के विशेष गीत गाए गए। यहां उन सात वाणियों को दोहराया गया, जो सूली पर चढ़ते समय यीशु ने कही थीं। पहली यह कि प्रभु, इन्हें क्षमा कर दे, क्योंकि यह नहीं जानते कि यह क्या कर रहे हैं।दूसरी यह कि आज ही तू मेरे साथ स्वर्ग लोक में होगा। पादरी ने बताया कि यह बात यीशु ने उस डकैत के लिए कही जो यीशु से अपने पापों की क्षमा मांग रहा था।डकैत द्वारा अपने पापों की क्षमा मांगने पर प्रभु यीशु ने उसे क्षमा करते हुए कहा कि आज ही वह उनके साथ स्वर्गलोक में होगा। सूली पर भी यीशु मसीह को अपनी माता याद रहीं।
एल्बर्ट रसकिन ने बताया कि रविवार को सुबह 9.30 बजे ईस्टर मनाया जाएगा। विशेष आराधना होगी। इसी दिन प्रभु यीशु जीवित हुए थे।
अनिल
