लखनऊ (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के मीरजापुर जिले में विंध्यवासिनी कॉरिडोर की स्थापना को लेकर पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने बुधवार को प्रदेश के पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मार्थ कार्य मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी के समक्ष प्रजेंटेशन (प्रस्तुतीकरण) किया।
इस दौरान पर्यटन मंत्री ने मां विंध्यवासिनी धाम मंदिर तक जाने वाले चार प्रमुख मार्गों के चैड़ीकरण के संबंध में विस्तृत चर्चा की। परियोजना की विस्तृत कार्ययोजना को लेकर उन्होंने मीरजापुर के जिलाधिकारी को भी आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी ने अधिकारियों से कहा कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता उच्च स्तरीय होनी चाहिए। गुणवत्ता को लेकर कोई समझौता नहीं होगा।
बैठक में पर्यटन विभाग के प्रमुख सचिव मुकेश कुमार मेश्राम और सचिव एवं महानिदेशक पर्यटन एन जी रवि कुमार के अलावा अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
गौरतलब है कि काशी विश्वनाथ की तर्ज पर विश्व प्रसिद्ध मां विंध्यवासिनी मंदिर के विकास के लिए प्रदेश की योगी सरकार ने विंध्य कॉरिडोर योजना स्वीकृत की है। मंत्रिमंडल द्वारा भी इस परियोजना के प्रस्ताव का पारित किया जा चुका है। इसके तहत मां विंध्यवासिनी कई विकास कार्य प्रस्तावित है। साथ ही मंदिर के चारो ओर स्थित परिक्रमा पथ को चैड़ा किया जाएगा।
Submitted By: P.N. Dwivedi Edited By: Rajesh Kumar Tiwari
