– डीएमएफ फंड से सिटी फारेस्ट का होगा कायाकल्प
हमीरपुर (हि.स.)। शहर के बदहाल सिटी फारेस्ट के सुन्दरीकरण कराने के लिये जिलाधिकारी ने गुरुवार को यहां समीक्षा बैठक में बड़ा फैसला लिया है। 50 लाख की लागत से सिटी फारेस्ट का कायाकल्प होगा साथ ही खनन क्षेत्रों की खस्ताहाल सड़कें भी चमाचम करायी जायेगी। खनिज बैरियरों में जांच के लिये अब प्रयोग के तौर पर रिटायर्ड सैन्य कर्मियों को रखे जाने के निर्देश दिये गये है।
कलेक्ट्रेट मीटिंग हाल में आयोजित जिला खनिज फाउन्डेशन न्यास (डीएमएफ) की समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ज्ञानेश्वर त्रिपाठी ने कहा कि डीएमएफ के तहत मिलने वाली धनराशि से सात स्थलों पर बनाये गये खनिज बैरियर में जांच के लिये कर्मचारी रखे जायेंगे। इसके साथ ही रिटायर्ड सैन्य कर्मचारियों को भी नियमों के मुताबिक रखने की कार्यवाही शुरू करने के निर्देश दिये गये है। बताया कि एक स्थल पर तीन शिफ्ट में दो-दो कर्मियों की ड्यूटी लगाने के लिये छह कर्मियों की व्यवस्था होगी।
सात स्थलों पर कुल 42 रिटायर्ड सैन्य कर्मियों को रखा जायेगा। इसके लिये सैनिक कल्याण बोर्ड से प्रस्ताव लिये जाने के भी निर्देश दिये गये है। खनन क्षेत्रों से निकलने वाले वाहनों की एमएम-11 एवं अन्य की जांच के लिये सम्बन्धित कर्मियों को स्कैनर भी दिया जायेगा। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रयोग के तौर पर पहले इन कर्मियों को 1 मार्च से 30 जून तक रखने की कार्यवाही की जायेगी फिर इसकी उपयोगिता के मद्देनजर कार्यकाल बढ़ाने की कार्यवाही की जायेगी।
जिलाधिकारी समीक्षा बैठक में कहा कि पर्यावरण संरक्षण के तहत सिटी फारेस्ट के विकास के लिये वन विभाग के प्रस्ताव के मुताबिक डीएमएफ से 50 लाख रुपये की धनराशि दी जायेगी। खनिज फाउन्डेशन न्याय के जरिये प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र बेरी की टूटी बाउन्ड्रीवाल की भी मरम्मत करायी जायेगी साथ ही कुरारा, बेरी, इन्दपुरी, बिंदपुरी मार्ग को भी बनवाया जायेगा। इसके अलावा कस्तूरबा विद्यालयों में स्मार्ट क्लासों के संचालन के लिये खनिज फाउन्डेशन न्याय से प्रोजेक्टर लगाने की व्यवस्था भी करायी जायेगी। कहा कि जिला पंचायत तथा खनिज बैरियर दोनों ही एक ही स्थान पर संचालित किये जाये जिससे जांच में कोई दिक्कतें न हो।
उन्होंने कहा कि डीएमएफ के फंड से जरूरतमंद स्थलों पर पेयजल की भी समस्या को दूर किया जायेगा। खनन से मिलने वाली रायल्टी की 10 फीसदी धनराशि जिला खनिज फाउन्डेशन न्याय को मिलती है जिससे इसी जनपद में खनन से प्रभावित क्षेत्रों के विकास में खर्च किया जाता है। कहा कि अवैध खनन और परिवहन को रोकने के लिये जरूरी संसाधन भी क्रय किये जा सकते है।
समीक्षा बैठक में अपर जिलाधिकारी विनय प्रकाश श्रीवास्तव, प्रभागीय वनाधिकारी, खनिज अधिकारी केके राय, बेसिक शिक्षा अधिकारी सतीश कुमार, सीएमओ डॉ. आरके सचान, ग्राम पंचायतों के प्रशासक तथा अन्य संबंधित मौजूद रहे।
UP News : खनन क्षेत्रों में जांच को अब रिटायर्ड 42 सैन्य कर्मियों की होगी तैनाती : डीएम
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