प्रयागराज (हि.स.)। होली के दूसरे दिन मंगलवार को रंगों का पर्व बड़े धूमधाम एवं परम्परागत ढंग से मनाया गया। महामारी और लॉकडाउन के बाद शहर रंग से सराबोर हो गया। लोकनाथ की मशहूर पारम्परिक होली का जलवा कोरोना की पाबंदियों से मुक्त होकर एक बार फिर कायम हो गया। ऐतिहासिक लोकनाथ चौराहे पर हजारों की संख्या में होलियारों ने डीजे की धुन एवं पानी के फौव्वारों के बीच एक-दूसरे का कपड़ा फाड़ते हुए जमकर मौज-मस्ती की। अब बुधवार को प्रसिद्ध ठठेरी बाजार की होली खेली जायेगी, जहां लोगों को जाने की मनाही रहती है।
होलियारों की टोली एक-एक कर भीड़ में शामिल होकर रंगों की वर्षा कर रही थी और गलियों के बीच से निकल-निकल कर होलियारों टोली ऐतिहासिक होली के रंग को और बढ़ा रही थी। होली त्यौहार के दौरान सुरक्षा के मद्देनजर कहीं कोई विवाद न हो, इसके लिए शहर के चौराहों पर भारी पुलिस मुस्तैद रही। लोग डीजे की धुन पर जमकर नृत्य करते हुए एक-दूसरे का कपड़ा फाड़ते हुए बिजली के तारों पर फेंक रहे थे। इस तरह उन्होंने होली का भरपूर आनंद उठाया। दिन में रंग और शाम को लोग एक दूसरे से मिलने घर गए। सभी ने एक दूसरे से गले मिल होली का त्योहार मनाया। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस के जवान प्रत्येक चौराहे पर अपनी ड्यूटी पर मुस्तैद रहे और होली पर्व को सकुशल सम्पन्न कराने के लिए नजरें गड़ाये रहे। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सर्वश्रेष्ठ त्रिपाठी हर पल प्रत्येक थाना क्षेत्र से होली के सम्बन्ध में जानकारी लेते रहे और जहां भी कुछ विवाद होने की आशंका हुई वहां पहुंचकर पुलिस ने भीड़ व नशे में धुत युवकों को भगाया।
कपड़ा फाड़ होली का अद्भुत नजारा देखने के लिए लोग छतों पर खड़े रहे। होली गीतों पर झूमते लोग पर्व की रंगत बढ़ा रहे हैं। कटरा, रामबाग, अल्लापुर, सिविल लाइंस, तेलियरगंज, साउथ मलाका, कीडगंज, बैरहना, प्रीतमनगर, कर्नलगंज, दारागंज में होलियारों की टीम उमंग में डूबी है। दारागंज में भगवान बेनी माधव मन्दिर से दमकल युद्ध भी शुरू हो गया है। तीर्थराज पांडेय के संयोजन में तीन दमकल मोदी, बाइडेन और अमिताभ बच्चन से रंग वर्षा कर पहलवान ऐतिहासिक होली को यादगार बना रहे हैं। अब अंतिम होली बुधवार को प्रसिद्ध ठठेरी बाजार की होली खेली जायेगी, जहां आम जनता के जाने की मनाही होती है। केवल उस बाजार में रहने वाले लोग ही इस होली में हिस्सा लेते हैं और जमकर होली खेलते हैं।
