नई दिल्ली (हि.स.)। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने केंद्र की मोदी सरकार पर किसान और मजदूरों की समस्याओं को दरकिनार कर बड़े उद्योगपतियों को फायदा पहुंचाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि साल 2020 में उद्योगपतियों के 23 खरब से ज्यादा का कर्ज माफ करना इस बात का प्रमाण है कि ये सरकार सिर्फ पूंजीपतियों की हितैषी है।
वायनाड से सांसद राहुल गांधी ने गुरुवार को ट्वीट कर केंद्र सरकार पर गरीब विरोधी होने का आरोप लगाया। उन्होंने ट्वीट में लिखा, ’23 खरब 78 अरब 76 करोड़ रुपये का कर्ज इस साल मोदी सरकार ने कुछ उद्योगपतियों का माफ किया। इस राशि से कोविड के मुश्किल समय में 11 करोड़ परिवारों को 20-20 हजार रुपये दिए जा सकते थे। यह है प्रधानमंत्री मोदी के विकास की असलियत!’ उन्होंने कहा कि केंद्र की वर्तमान सरकार सिर्फ पूंजीपतियों और बड़े उद्योगपतियों के लिए लाभ बनाने का काम कर रही है।
इससे पहले भी राहुल गांधी ने जनता से झूठे वादे करने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा था कि पीएम मोदी ने हर आदमी के बैंक खाते में 15 लाख और हर साल दो करोड़ नौकरियां देने का वादा किया था, लेकिन ऐसा कुछ हुआ नहीं। कोरोना वायरस को लेकर भी प्रधानमंत्री ने 21 दिनों में जंग जीतने की बात कही थी, पर सभी दावे झूठे निकले।
