ऑस्ट्रेलिया और यूरोपीय संघ ने भेजे उपकरण, दवा और सामग्री
अनूप शर्मा
नई दिल्ली (हि.स.)। एयर इंडिया अमेरिका से फिलिप्स द्वारा निर्मित 10,636 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भारत ला रहा है। वहीं आस्ट्रेलिया सरकार ने कोविड महामारी की दूसरी लहर से निपटने के लिए भारत को एक सौ ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और संबंधित टैंक देने का ऐलान किया है।
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने ट्वीट कर कहा कि जैसे भगवान हनुमान जी ने संजीवनी की तलाश में द्रोणागिरी को उठा लिया। वैसे ही एयर इंडिया फिलिप्स द्वारा निर्मित 10,636 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर ला रहा है। अमेरिका से 636 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर पहले ही उड़ान के माध्यम से निकल चुके हैं। हर दिन विमान के माध्यम से एक सप्ताह में काम पूरा हो जाएगा।
ऑस्ट्रेलिया ने भारत सरकार से बातचीत के बाद आपात चिकित्सा आपूर्ति देने का फैसला किया है। इसके तहत 500 नॉन इन्वेसिव वेंटिलेटर प्रणाली उपलब्ध कराई जाएगी। इससे 3 हजार वेंटिलेटर को संचालित किया जा सकेगा।
ऑस्ट्रेलिया की सरकार ने एक बयान में कहा कि वह 10 लाख सर्जिकल मास्क, 5 लाख एन-95 मास्क, एक लाख सर्जिकल गाउन, एक लाख चश्मे, एक लाख जोड़ी दस्ताने, 20 हजार फेस शिल्ड देगी। बयान में कहा गया है कि आस्ट्रेलिया का विदेश और व्यापार विभाग चिकित्सा उपकरणों और चिकित्सा परिधानों की आपूर्ति की देखरेख करेगा। अन्य देशों ने भी भारत को इस तरह की चिकित्सा सामग्री देने की घोषणा की है।
यूरोपीय संघ ने भी अपने देशों के माध्यम से भारत को चिकित्सा उपकरण, दवा व सामग्री भेजी है। यह कुछ दिनों में भारत पहुंच जाएगी। यूरोपीय संघ में सहायता से जुड़ी प्रणाली के तहत संघ के देशों ने मदद की यह सामग्री भेजी है। इसमें आयरलैंड ने 700 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, 1 ऑक्सीजन जनरेटर, 365 वेंटिलेटर, बेल्जियम ने एंटीवायरल दवा रेमडेसिविर 9 हजार डोस, रोमानिया 80 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और 75 ऑक्सीजन सिलेंडर, लक्जमबर्ग 58 वेंटिलेटर, पुर्तगाल 5503 रेमडेसिविर की शीशियां, 20 हजार लीटर ऑक्सीजन प्रति सप्ताह, स्वीडन 120 वेंटिलेटर भेजेगा। आने वाले दिनों में फ्रांस और जर्मनी सहित अन्य देशों से भी सहायता आएगी।
