संवाददाता
गोण्डा। सरस्वती देवी नारी ज्ञानस्थली महाविद्यालय में मिशन शक्ति के तहत विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन ऑनलाइन व भौतिक रूप में किया जा रहा है। महिला कल्याण विभाग की ओेर से लैंगिग समानता, घरेलू ंहिंसा व महिला सुरक्षा तथा कानून की जानकारी फरहाना फातिमा, जिला समन्वयक ज्योत्सना सिंह व राजकुमार आर्य ने दी। हमारी संस्कृति में नारी को दुर्गा का प्रतीक माना जाता है। आज के समय में छात्राओं को आत्म रक्षा की सीख की सख्त आवश्यकता है। इसमें इतना सक्षम होना होगा कि अपनी सुरक्षा के लिये अपने तरफ बढ़ने वालों को तोड़ सके। महाविद्यालय की छात्राओं व राष्ट्रीय सेवा योजना की स्वयं सेविकायें अपनी सुरक्षा के लिये मार्शल आर्ट का प्रशिक्षण ले रही है तथा स्वस्थ्य रहने के लिये योग पोषण आहार व मनोवैज्ञानिक परामर्श दिये जा रहे हैं। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या डा. आरती श्रीवास्तव ने बताया कि महाविद्यालय में एमए प्रथम वर्ष की परीक्षा के उपरान्त प्रवक्ताओं ने इन कार्यक्रमों को उत्साह के साथ कराया। महाविद्यालय की व्यवस्थापिका डा. आनन्दिता रजत ने बताया कि मार्शल आर्ट बेबी नगमा व योग प्रशिक्षण समता धनकानी, मनोवैज्ञानिक परामर्श डा. साधना गुप्ता व डा. कंचन पाण्डेय, निबन्ध पोस्टर व स्लोगन प्रतियोगिता डा. सीमा श्रीवास्तव डा. मौसमी सिंह, डा. मनीषा पाल, डा. नीतू सिंह, डा. अमिता श्रीवास्तव, डा. आशू पाण्डेय, डा. रश्मि द्विवेदी, डा. हरप्रीत कौर के निर्देशन में सम्पन्न हुआ। राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम अधिकारी डा. नीलम छाबड़ा एवं पूर्व कार्यक्रमाधिकारी ने स्वयं सेविकाएं मिशन शक्ति के तहत अपने आसपास की महिलाओं व बालिकाओं को आत्म निर्भर बनने की जानकारी दे रहीं है।

