जानकी शरण द्विवेदी
गोण्डा। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे मिशन शक्ति अभियान के तहत आज लाल बहादुर शास्त्री डिग्री कॉलेज में एनसीसी इकाई द्वारा एक संवैधानिक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। विचार व्यक्त करते हुए बीएड विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. चमन कौर ने इस अवसर पर नारी सशक्तिकरण के विभिन्न कानूनी पहलुओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि स्त्रियों को जागरूक होने के साथ ही अपने अधिकारों का ज्ञान होना चाहिए। इसके साथ ही उन्हें मुखर भी होना चाहिए। अपराध और शोषण को सह जाना किसी स्थिति में उचित नहीं है। भौतिक विज्ञान के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. संतोष श्रीवास्तव ने स्त्री-पुरुष असमानता को तकलीफदेह बताया। उन्होंने कहा कि लैंगिक भेदभाव आधी आबादी की तरक्की में सबसे बाधक तत्व है। इसके लिए जहां समाज में लोगों को अपनी मानसिकता बदलनी होगी। वहीं आधी आबादी को सजग रहते हुए संवैधानिक अधिकारों से संपन्न होना होगा। उन्होंने कहा कि अन्याय और अत्याचार को सहना सबसे खराब बात है। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा मिशन शक्ति अभियान में जनपद के नामित सह नोडल अधिकारी और महाविद्यालय के एनसीसी प्रभारी डॉ. पुष्यमित्र मिश्र ने नवरात्रि के दौरान महाशक्ति की उपासना के साथ ही समाज में स्त्रियों के सशक्तीकरण की जरूरत पर बल दिया। इसके साथ ही उन्होंने मिशन शक्ति अभियान की महत्वपूर्ण जानकारियों से सभी को अवगत कराया और मिशन शक्ति की उल्लेखनीय प्रतीक महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. वंदना सारस्वत के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। यह जानकारी कालेज के मीडिया प्रभारी डॉ. शैलेंद्र नाथ मिश्र ने दी।

