संवाददाता
बलरामपुर। शासन के निर्देश पर खाद विक्रेताओं की दुकानों की जांच में अनियमितता मिलने पर सात लाइसेंस निरस्त कर दिए गए हैं। यह जानकारी देते हुए जिलाधिकारी कृष्णा करुणेश ने बताया कि कृषि अधिकारी मंजीत कुमार ने जनपद में संचालित खाद की दुकानों का निरीक्षण किया था। अनियिमितता पाए जाने पर बिन्देश्वरी प्रसाद खुदरा उर्वरक विक्रेता बसन्तपुर विकास खण्ड हर्रैया-सतघरवा, मे. औद्यानिक उत्पादक विपणन सहकारी समिति सोनपुर विकास खण्ड बलरामपुर, माधव खुदरा उर्वरक विक्रेता फिरोजपुर विकास खण्ड रेहरा बाजार, आईएफडीसी कृषक सेवा केन्द्र पिपरहवा विकास खण्ड तुलसीपुर, मे. सैफ ट्रेडर्स खुदरा उर्वरक विक्रेता महुवाडार विकास खण्ड श्रीदत्तगंज, प्रो. राजेन्द्र कुमार खुदरा उर्वरक विक्रेता फुलवरिया बाईपास विकास खण्ड बलरामपुर, प्रेम चन्द्र गुप्ता खुदरा उर्वरक विक्रेता दुधरा विकास खण्ड गैण्डास बुजुर्ग का उर्वरक प्राधिकार पत्र निरस्त कर दिया गया है।
डीएम ने जनपद के समस्त खुदरा/थोक उर्वरक विक्रेताओं को निर्देशित किया है कि वे पीओएस के स्टाक प्राप्त करने के उपरान्त कृषकों के आधार एवं जोत के अनुसार उर्वरकों का वितरण करें। थोक उर्वरक विक्रेता, खुदरा विक्रेताओं को बिना स्टाक बिक्री रजिस्टर एवं लाइसेंस की वैधता तिथि देखे उर्वरक की आपूर्ति न करें। यदि किसी विक्रेता द्वारा निर्देशों की अवहेलना की जाती है, तो उनके विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने किसान भाइयों से अपील किया है कि उर्वरक खरीदते समय सोशल डिस्टेन्सिंग का पालन करें तथा वैज्ञानिक संस्तुति के अनुसार धान की दूसरी टाप ड्रेसिंग में 10 किग्रा. यूरिया प्रति बीघे से ज्यादा प्रयोग न करें, क्योंकि अधिक रासायनिक उर्वरक प्रयोग करने से मिट्टी की उर्वरक क्षमता नष्ट हो जाती है।
