-ईद की नमाज के दौरान किसी भी मार्ग को बाधित न करने का निर्देश
वाराणसी (हि.स.)। हाईकोर्ट के आदेश और प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त निर्देश पर जिला प्रशासन धार्मिक स्थलों पर लगे लाउडस्पीकर को हटवाने के साथ ध्वनि प्रदूषण को रोकने के लिए लिए संजीदा है। पुलिस अफसरों ने दोनों संम्प्रदाय के धार्मिक संगठनों के साथ बैठक कर हाईकोर्ट के आदेश का उल्लेख कर धार्मिक स्थलों से लाउड स्पीकर हटाने का अनुरोध किया।
डीसीपी काशी जोन आरएस गौतम ने आदमपुर थाने में पीस कमेटी की बैठक में कहा कि धार्मिक स्थल के अंदर भी ध्वनि उतनी हो कि परिसर के बाहर आवाज न सुनाई दे। उन्होंने अपील की कि बिना अनुमति किसी भी कार्यक्रम का आयोजन न करें। ईद की नमाज के दौरान किसी भी मार्ग को बाधित न करें। इसके साथ ही किसी भी तरह के अफवाह पर ध्यान न दें। अफसर के इस पहल का नतीजा दिखने लगा है। नई सड़क स्थित लंगड़ा हाफिज मस्जिद कमेटी के संयुक्त सचिव सैय्यद यासीन ने बताया कि मीनार से भी लाउडस्पीकर हटाया जाएगा।
शिवपुर के प्राचीन मां अष्टभुजी मंदिर और अर्दली बाजार स्थित महावीर मंदिर पर पर लगे लाउडस्पीकर महंत की देखरेख में उतरवा लिया गया। प्राचीन मां अष्टभुजी मंदिर की समिति के अध्यक्ष मुरारी लाल गुप्ता ने मीडिया कर्मियों को बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश को मानकर लाउडस्पीकर उतार शांति का संदेश देने का प्रयास किया गया है। अफसरों के अनुसार जिले में शादी समारोह में भी लाउड स्पीकर बजाने के लिए अनुमति लेनी होगी।
मस्जिदों और मंदिरों के साथ अन्य धार्मिक स्थलों पर लगे लाउडस्पीकर के तीव्र आवाज के कारण बुजुर्गों, छात्रों, रोगियों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ता है। इसको लेकर कई सामाजिक संगठनों ने भी समय-समय पर आवाज उठाई।
श्रीधर
