Wednesday, April 1, 2026
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सर्राफा बाजार : वैश्विक दबाव में सोना-चांदी की कीमतें फिर लुढ़कीं

– नकारात्मक वैश्विक माहौल की वजह से बड़े निवेशकों ने अभी भी दूरी बनाई

नई दिल्ली (हि.स.)। कारोबार में मामूली तेजी के बाद आज सप्ताह के तीसरे दिन घरेलू सर्राफा बाजार एक बार फिर गिरावट का शिकार हो गया। सोने की कीमत में आज अलग-अलग श्रेणियों में 163 रुपये प्रति 10 ग्राम से लेकर 95 रुपये प्रति 10 ग्राम तक की कमजोरी दर्ज की गई। इसी तरह आज के कारोबार में चांदी 308 रुपये प्रति किलोग्राम तक टूट गई।

इंडियन बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (आईबीजेए) के मुताबिक घरेलू सर्राफा बाजार में आज कारोबारी यानी 24 कैरेट (999) सोने की औसत कीमत 163 रुपये की कमजोरी के साथ गिर कर 52,350 रुपये प्रति 10 ग्राम (अस्थाई) हो गई। इसी तरह 23 कैरेट (995) सोने की कीमत भी 163 रुपये की कमजोरी के साथ 52,140 रुपये प्रति 10 ग्राम (अस्थाई) हो गई। जेवराती यानी 22 कैरेट (916) सोने की कीमत में आज 149 रुपये प्रति 10 ग्राम की गिरावट दर्ज की गई। इसके साथ ही 22 कैरेट सोना 47,953 रुपये प्रति 10 ग्राम (अस्थाई) के स्तर पर पहुंच गया। इसके अलावा 18 कैरेट (750) सोने की कीमत आज प्रति 10 ग्राम 122 रुपये लुढ़क कर 39,263 रुपये प्रति 10 ग्राम (अस्थाई) के स्तर पर पहुंच गई। जबकि 14 कैरेट (585) सोना आज 95 रुपये कमजोर होकर 30,625 रुपये प्रति 10 ग्राम (अस्थाई) के स्तर पर पहुंच गया।

सर्राफा बाजार में सोने की तरह ही चांदी की कीमत में भी आज कमजोरी दर्ज की गई। आज के कारोबार में चांदी (999) की कीमत 308 रुपये प्रति किलोग्राम टूट गई। इस गिरावट के कारण ये चमकीली धातु आज कमजोर हो कर 61,243 रुपये प्रति किलोग्राम (अस्थाई) के स्तर पर पहुंच गई।

मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि वैश्विक दबाव के कारण घरेलू सर्राफा बाजार में अभी लगातार उथल-पुथल का माहौल बना हुआ है। शादी के सीजन की वजह से सर्राफा बाजार को कुछ सहारा जरूर मिला है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय बाजार से पड़ रहे दबाव के कारण बाजार में अपेक्षित तेजी नहीं आ पा रही है। अभी बाजार में जो भी खरीदारी हो रही है, वो सिर्फ शादी के सीजन के लिए की जाने वाली व्यक्तिगत खरीदारी ही है। बड़े निवेशक नकारात्मक वैश्विक माहौल की वजह से अभी भी दूरी बनाए हुए हैं। इसलिए छोटे निवेशकों को फिलहाल अपनी निवेश योजनाओं को लेकर काफी सतर्क रहना चाहिए। मौजूदा परिस्थितियों में छोटे निवेशकों को हर गिरावट पर अपने निवेश सलाहकार से विचार विमर्श करने के बाद ही निवेश करना चाहिए।

योगिता

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