Monday, April 6, 2026
Homeउत्तर प्रदेशसपाइयों ने कार्यकर्ताओं के उत्पीड़न व समस्याओं से अवगत कराते हुए कमिश्नर...

सपाइयों ने कार्यकर्ताओं के उत्पीड़न व समस्याओं से अवगत कराते हुए कमिश्नर को ज्ञापन सौंपा

कानपुर (हि.स.)। जनपद में मुख्यमंत्री व मंत्रियों के आगमन पर प्रदेश की विपक्षी पार्टी समाजवादी पार्टी के जनप्रतिनिधियों, अध्यक्षों, नेताओं को घरों में नजरबंद किए जाने को लेकर सपाइयों ने ज्ञापन के माध्यम से अपनी बात पहुंचाने से रोकने पर सपा महानगर व ग्रामीण अध्यक्ष डॉक्टर इमरान व राघवेंद्र सिंह यादव के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने कानपुर पुलिस कमिश्नर असीम अरुण से उनके कार्यालय जाकर मुलाकात कर अपनी मांगों का एक ज्ञापन सौंपा।

नगर व ग्रामीण अध्यक्ष डॉ इमरान व राघवेंद्र सिंह यादव ने पुलिस कमिश्नर को ज्ञापन के माध्यम से बताया कि समाजवादी पार्टी उत्तर प्रदेश में प्रमुख विपक्षी पार्टी है। कानपुर में मुख्यमंत्री व सरकार के मंत्रियों के आगमन पर सपा के जनप्रतिनिधियों पार्षदों पदाधिकारी गण एवं अन्य सदस्य गण जब अपनी बात को ज्ञापन के माध्यम से पहुंचाना चाहते हैं। तो उनको क्षेत्रीय पुलिस द्वारा नजर बंद कर दिया जाता है। जिसके अंतर्गत अर्पित यादव, बिल्लू बाल्मिक, रोहित शुक्ला, राकेश दीक्षित, लकी यादव, अनूप हजारिया, नरेश कटिहार, बंटी पासवान, रिशु यादव आदि को घर से उठाकर विभिन्न धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर उत्पीड़न किया जाता है। इसकी समाजवादी पार्टी कटु शब्दों में निंदा करती है।

उक्त दोनों नेताओं ने आगे बताया कि देश ने कायम लोकतांत्रिक व्यवस्था व संवैधानिक तरीके से अपनी बात रखने का अधिकार सबको है। परंतु भाजपा सरकार के इशारे पर सपा नेताओं की आवाज को दबाया जा रहा है। पुलिस प्रशासन हमें अपनी बात स्वतंत्रता पूर्वक नहीं रखने देता है। जब शहर के थानेदारों से पूछा जाता है तो वह कहते हैं कि हमें ऊपर से आदेश प्राप्त हुए हैं। नजरबंद किए गए सपा नेताओं को गिरफ्तार करके उनके ऊपर गंभीर धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया जाता है। साथ ही जिस नेता और कार्यकर्ता को गिरफ्तार करते हैं उनके ऊपर पिछले मुकदमों की गंभीर धाराओं को भी जोड़ दिया जाता है।

उनका कहना है कि भाजपा सरकार के इशारे पर मुख्य विपक्षी पार्टी सपा के नेताओं व कार्यकर्ताओं को घरों में नजरबंद कर दिया जाता है। प्रदेश की भाजपा सरकार देश में कायम लोकतंत्र की खुलेआम हत्या कर सपा की आवाज को दबा रही है। जबकि सरकार की जनविरोधी नीतियों का विरोध करना समाजवादी पार्टी की राजनीतिक व सामाजिक दायित्व है। जब भी नगर में मुख्यमंत्री या कोई वीआईपी आता है तो समाजवादी पार्टी के नेताओं को गिरफ्तार करके फर्जी मुकदमों से जूझना पड़ता है।

ज्ञापन लेने के बाद पुलिस कमिश्नर ने पूरी बात सुन कर जल्द से जल्द इस समस्या के निस्तारण का डॉक्टर इमरान व राघवेंद्र सिंह यादव को आश्वासन दिया। ज्ञापन देने में नगर महासचिव अभिषेक गुप्ता मोनू, अजय यादव, नरेंद्र सिंह, मधु कुमार यादव, ग्रामीण उपाध्यक्ष धर्मेंद्र यादव, विपिन प्रधान व रामकरण यादव आदि उपस्थित रहे।

RELATED ARTICLES

Most Popular