Wednesday, February 18, 2026
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संसद का मानसून सत्र 19 जुलाई से, प्रोटोकॉल का करना होगा पालन

नई दिल्ली । कोरोनाकाल से गुजर रहे भारत में संसद का मानसून सत्र 19 जुलाई से आरंभ होने जा रहा है। लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला ने कहा कि संसद कई सारे डिजिटल अभियान शुरू करने जा रही है, इससे कानून बनाने की दक्षता में सुधार होगा और संसद के कामकाज से आम जनता को भी परिचित कराया जाएगा। संसद का 19 दिन का सत्र 13 अगस्त को समाप्त होगा, और इस दरम्यान कोरोना के कड़े प्रतिबंधों का पालन किया जाएगा। हालांकि सांसदों के टीकाकरण को देखते हुए प्रोटोकॉल में थोड़ी नरमी दी गई है। वैक्सीन की कम से कम एक खुराक लेने वाले सांसदों को आरटी-पीसीआर टेस्ट नहीं कराना होगा। संसद के पिछले दो सत्रों में सांसदों को आरटी-पीसीआर टेस्ट कराना अनिवार्य था।
संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही का समय सुबह 11 बजे से शाम के 6 बजे का होगा। हालांकि सांसदों के बैठने की व्यवस्था में सोशल डिस्टैंसिंग का पालन किया जाएगा। लोकसभा के कुल 280 सांसद चैंबर में बैठ सकेंगे और 259 सांसदों के बैठने की व्यवस्था गैलरी में की गई है। स्पीकर ओम बिड़ला ने कहा कि लोकसभा के 411 सांसदों का टीकाकरण हो चुका है। इनमें 312 सांसदों ने वैक्सीन की दोनों खुराक ली है। बाकी सदस्यों का अभी टीकाकरण कराया जाना है, स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों को देखते हुए इनका टीकाकरण अभी बाकी है। खबर के मुताबिक राज्यसभा के 218 सांसदों का भी टीकाकरण हो चुका है। ओम बिड़ला ने कहा, “जल्द ही एक नया ऐप लॉन्च किया जाएगा, जिसके जरिए संसद की कार्यवाही का लाइव टेलीकास्ट देखा जा सकेगा। साथ ही सवालों से जुड़े आंकड़े और जवाब के साथ बहसों को भी देखा जा सकेगा।” लोकसभा स्पीकार ने कहा कि संसदीय मामलों से जुड़ा यह वन-स्टॉप प्लेटफॉर्म होगा, जहां सबकुछ उपलब्ध होगा। इसे मानसून सत्र के दौरान या उसके ठीक बाद लॉन्च किया जाएगा।
स्पीकर ने कहा कि संसद के दोनों सदनों से जुड़ी सभी बहसों और राज्य विधानसभाओं में हुई चर्चाओं का डिजिटलीकरण जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा, संसद की लाइब्रेरी का पूर्ण डिजिटलीकरण होना चाहिए और 1854 से लेकर सभी महत्वपूर्ण संसदीय बहसों, पत्रों और दस्तावेजों को डिजिटली उपलब्ध कराया जाएगा। आम लोगों के लिए संसदीय लाइब्रेरी और विधानसभा लाइब्रेरी को एक प्लेटफॉर्म पर लाया जाएगा। बता दें कि तृणमूल कांग्रेस ने स्पीकर से अपने दो सांसदों शिशिर अधिकारी और सुनील मंडल को अयोग्य ठहराए जाने की मांग की है। बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले ये दोनों सांसद बीजेपी में शामिल हो गए थे। आंध्र प्रदेश की सत्ताधारी पार्टी वाईएसआरसीपी ने भी स्पीकर से संपर्क किया है और अपने बागी सांसद रघु रामाकृष्णा राजू को अयोग्य ठहराने की मांग की है। इन मामलों पर लोकसभा स्पीकर ने कहा कि सभी मामलों में संसदीय प्रक्रिया का विधिवत पालन किया जाएगा।

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