Sunday, April 12, 2026
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व्यापारियों को छूट देने के लिए चुनाव आयोग से गुहार

मेरठ(हि.स.)। विधानसभा चुनाव के समय व्यापारियों का उत्पीड़न रोकने के लिए उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल उत्तर प्रदेश ने आवाज उठाई है। संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष लोकेश अग्रवाल ने व्यापार और व्यापारियों को बर्बादी से बचाने के लिए चुनाव आयोग से व्यापारियों को छूट देने की गुहार लगाई है।

उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल उत्तर प्रदेश के प्रांतीय अध्यक्ष लोकेश अग्रवाल ने सोमवार को मुख्य चुनाव आयुक्त को जिलाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन भेजा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में हो रहे विधानसभा चुनाव में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा व्यापारियों का उत्पीड़न करने की चेष्टा की जा रही है। पिछले दो वर्षों से कोरोना काल में लगातार लॉकडाउन के चलते व्यापार और व्यापारी वैसे ही बर्बादी के कगार पर पहुंच चुका है। अभी व्यापारी ठीक से उभर भी नहीं पाया था कि अब चुनावों की आड़ में व्यापारी का उत्पीड़न निरन्तर जारी है। चुनावों के दौरान भी व्यापारी और उद्योगपति अपना व्यवसाय सही प्रकार से चला सकें, इसके लिए उनका उत्पीड़न बंद किया जाए।

उन्होंने कहा कि व्यापारियों के शस्त्र लाइसेंस चुनाव में ना जमा किए जाए। क्योंकि व्यापारी सिर्फ अपनी रक्षा सुरक्षा के लिए शस्त्र लाइसेंसों का इस्तेमाल करता है। चुनावी गतिविधियों में व्यापारी के शस्त्र लाइसेंस जमा किए जाने का कोई मतलब नहीं है। कैश ट्रांजेक्शन के मामले में सिर्फ राजनीतिक व्यक्तियों के ही धन की जांच की जाए। व्यापारी गतिविधियों में इस्तेमाल होने वाले धन को इससे मुक्त रखा जाए। व्यापारियों के निजी वाहनों को चुनाव में इस्तेमाल के लिए ना बुलाया जाए। क्योंकि व्यापारी अपने व्यापार व परिवार के इस्तेमाल के लिए गाड़ी रखते हैं। अधिकांश व्यापारियों के पास ड्राइवर नहीं है। अधिकांश तौर पर अकेला व्यक्ति काम करने वाला है। दुकान या उद्योग बंद करके वह चुनाव लड़ाने नहीं जा सकता।

अधिकांश व्यापारियों के घर में बीमार हुए बुजुर्ग व्यक्ति मौजूद है, जिनकी देखभाल में भागदौड़ के लिए गाड़ी का घर में होना आवश्यक है। इसलिए टूर एंड ट्रैवल्स में चलने वाले व्यावसायिक वाहनों तथा सरकारी वाहनों को ही चुनाव में इस्तेमाल करने के लिए अधिकृत किया जाए। अन्य प्राइवेट वाहनों को इससे मुक्त करने के आदेश पारित करें। चुनाव के समय स्थानीय प्रशासन फोर्स के ठहरने और मतों की गिनती की व्यवस्था के लिए फल-सब्जी मंडियों को दो महीने के लिए खाली करा रहा है। इससे व्यापारिक तबका बर्बाद हो जाएगा। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त से मांग की कि चुनाव के नाम पर मंडी परिसर स्थित दुकानों को खाली न कराया जाए। फोर्स को ठहराने और मतों की गिनती के लिए सरकारी भवनों में व्यवस्था की जाए।

कुलदीप

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