लखनऊ (हि.स.)। उत्तर प्रदेश विधान सभा के अध्यक्ष सतीश महाना ने बुधवार को कहा कि भारत की संसदीय प्रथाएं देश में कई लोकतंत्रों के लिए रोल मॉडल के रूप में कार्य करती हैं। उन्होंने कहा कि सभी सदन भारत के संविधान और सदन के नियमों के प्रावधानों के अनुसार कार्य करते हैं।
महाना विधानसभा के राजर्षि पुरुषोत्तम दास टंडन हॉल में नेशनल ई-विधानसभा एप्लिकेशन (एनईवीए) के क्रियान्वयन के लिए केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्रालय की ओर से आयोजित ओरियंटेशन वर्कशाप को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के युग में यह आवश्यक है कि विधायी संस्थाओं को आधुनिक एवं डिजिटल बनाया जाये जिससे इनके कार्य प्रणाली में एकरुपता, पारदर्शिता एवं तकनीकि दक्षता का विकास हो सके। इस उद्देश्य से देश के सभी विधानमंडलों को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मंशा के अनुरूप डिजिटल इंडिया के अंतर्गत एक मिशन मोड नेशनल ई-विधानसभा एप्लिकेशन का निर्माण किया गया है। यह मिशन मोड प्रोजेक्ट केंद्र सरकार के गो-ग्रीन पहल की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्रालय इसके लिए नोडल मंत्रालय है जिसकी देखरेख में यह कार्य गतिमान है।
महाना ने कहा कि इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य देश के सभी विधानमंडलों को एक डिजिटल मंच पर लाना है, जिससे सभी विधानमंडलों से सम्बन्धित सम्पूर्ण सूचनाओं का आदान-प्रदान ऑनलाइन हो सके। इसके माध्यम से देश के सभी विधानमंडलों को जोड़कर एक विशाल डाटा डिपॉजिटरी का निर्माण करके सभी विधानमंडलों को पेपरलेस विधायिका बनाये जाने का लक्ष्य है। वन नेशन वन एप्लिकेशन के अंतर्गत इस अप्लिकेशन के जरिए देश की सभी विधान मण्डलों से संबंधित विभिन्न सूचनाऐं जैसे प्रक्रिया तथा नियम, सदन की कार्यसूची, नोटिस, विधेयक, प्रश्नोत्तर प्रणाली, समिति प्रणाली, सदन के सदस्यों आदि की सम्पूर्ण सूचनाएं इस एप्लिकेशन के माध्यम से एक जगह प्राप्त हो सकेंगी, जिससे सभी विधानमंडलों की कार्यप्रणाली में समन्वय एवं एकरूपता स्थापित हो सके।
विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि विधानमंडलों के सदस्यों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भी इसके माध्यम से विभिन्न विधानमंडल की अद्यतन सूचनाएं सुलभता से प्राप्त हो सकेंगी। इसका लाभ उठाकर वे अपने-अपने कार्यक्षेत्रों में बेहतर और प्रभावी भूमिका का निर्वहन कर सकेंगे। उत्तर प्रदेश विधानसभा में ई-विधान प्रणाली लागू करने के संबंध में आयोजित इस वर्कशाप का लाभ एवं जानकारी उप्र विधानसभा एवं शासन के कर्मियों को मिल सकेगी।
इस अवसर पर विधानसभा के प्रमुख सचिव प्रदीप कुमार दुबे, संसदीय कार्य मंत्रालय के प्रमुख सचिव जेपी सिंह, केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्रालय की तरफ से राष्ट्रीय ई-विधान एप्लीकेशन के सुचारू क्रियान्वयन के लिए प्रशिक्षणकर्ता समीर वार्ष्णेय, प्रोजेक्ट मैनेजर व समीर त्यागी, एनईवीए कोऑडिनेटर एवं एनआईसी सहित विधानसभा के अन्य अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित रहे।
दिलीप शुक्ला
