लखनऊ (हि.स.)। राजधानी लखनऊ में यात्रियों को इलेक्ट्रिक एसी बसें खूब पसंद आ रही हैं। लखनऊ में 13 और नई इलेक्ट्रिक एसी बसें आई हैं। इन बसों को जल्द बेड़े में शामिल किया जाएगा। इसके अलावा यात्रियों की सुविधा के लिए सभी सिटी बसों में जल्द ही क्यूआर कोड से किराये के भुगतान की तैयारी चल रही है। इसके लिए ट्रायल चल रहा है।
लखनऊ की सिटी बसों में बेहतर सुविधा का परिणाम रहा कि बीते साल की तुलना में इस साल तीन गुना अधिक यात्री बढ़ गए हैं। इससे सिटी परिवहन की आय भी बढ़ी है। यात्रियों को इलेक्ट्रिक एसी बसों की सवारी रास आ रही है। लखनऊ की इलेक्ट्रिक एसी बसों का बेड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। 13 और नई इलेक्ट्रिक एसी बसें आई हैं। इन बसों को जल्द ही बेड़े में शामिल किया।
नई इलेक्ट्रिक एसी बसों का हफ्ते भर में निरीक्षण के बाद पंजीयन हो जाएगा। सिटी परिवहन प्रशासन इनमें से सबसे अधिक बसें इंजीनियरिंग कॉलेज से स्कूटर इंडिया रूट पर चलाने की तैयारी कर रहा है। इसके अलावा विराजखंड गोमतीनगर से वृंदावन कॉलोनी के पी-4 पार्किंग के बीच भी बसें चलाई जाएंगी। शहीद पथ के दोनों ओर की नव विकसित कॉलोनियों में रहने वालों के लिए सिटी बसें पहले से चलाने की मांग है। दो बसों का संचालन चारबाग से टिकैतनगर के बीच भी करने की तैयारी है।
सिटी परिवहन के प्रबंध निदेशक पल्लव बोस का कहना है कि सभी सिटी बसों में क्यूआर कोड के जरिए किराये का भुगतान शुरू करने की तैयारी है। इसके लिए ट्रायल किया जा रहा है। जल्द ही यात्री अपने मोबाइल फोन से क्यूआर कोड स्कैन करके किराये का भुगतान कर सकेंगे। इससे फुटकर किराये के झंझट से छुटकारा मिल जाएगा।
दीपक
