-अवैध सम्पत्ति जब्तीकरण की रिकार्ड कार्रवाई बीते डेढ़ साल में हुई
-गैंगस्टर एक्ट में दर्ज हुये 13 हजार 7 सौ से अधिक अभियोग
-43 हजार से अधिक अभियुक्तों की गैंगस्टर एक्ट में हो चुकी है गिरफ्तारी
लखनऊ(हि.स.)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यकाल में अपराधियों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाईयां हुईं। इसके नतीजे भी ठीक रहे और अधिकांश अपराधी या तो प्रदेश छोड़कर भग गये या जेल के सलाखों के पीछे हैं। कई अपराधी मुठभेड़ के दौरान मारे भी गये। चार वर्ष से अधिक के कार्यकाल में गैंगस्टर अधिनियम के तहत कुल 15 अरब 74 करोड़ रूपये से अधिक की अवैध सम्पत्तियों के जब्तीकरण की कार्रवाई की गयी है। उपरोक्त में से सर्वाधिक कार्रवाई जनवरी 2020 से अब तक की गयी है, जिसके तहत उक्त अवधि में रिकार्ड कुल 13 अरब, 22 करोड़ रूपये से अधिक की अवैध सम्पत्ति गैगेंस्टर अधिनियम के तहत जब्त की गयी है।
अपर मुख्य सचिव, गृह अवनीश कुमार अवस्थी ने यह जानकारी देते हुये बताया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में 13 हजार 7 सौ से अधिक अभियोग गैंगस्टर अधिनियम के तहत दर्ज किये जा चुके हैं, जिनमें 43 हजार से अधिक अभियुक्तों की गिरफ्तारी की गयी है। उन्होंने बताया कि अब तक गैंगस्टर अधिनियम की धारा-14(1) के तहत 1431 प्रकरणों में 15 अरब, 74 करोड़, 05 लाख रूपये से अधिक की चल अचल अवैध सम्पत्तियोें पर शिंकजा कसते हुये सरकारी जमीन अवमुक्त कराने, अवैध कब्जे के ध्वस्तीकरण एवं अवैध सम्पत्ति के जब्तीकरण की कार्यवाही की जा चुकी है।
उल्लेखनीय है कि, गैंगस्टर अधिनियम में सर्वाधिक कार्यवाही वाराणसी जोन में की गयी है, जहां पर कुल 420 प्रकरणों में 2 अरब, 2 करोड़, 29 लाख रूपये से अधिक, गोरखपुर जोन में 208 प्रकरणों में 02 अरब, 64 करोड़, 85 लाख रूपये से अधिक तथा बरेली जोन में 01 अरब, 84 करोड़, 82 लाख रूपये से अधिक की सम्पत्ति के जब्तीकरण की कार्यवाही की गयी।
अवस्थी ने बताया कि उत्तर प्रदेश में संगठित अपराध का सफाया किया गया है तथा विगत 20 मार्च 2017 से 20 जून 2021 तक की अवधि में कुल 139 अपराधी गिरफ्तारी के दौरान हुई पुलिस मुठभेड़ में मारे गये हैं तथा 3196 घायल हुये हैं। इन कार्यवाहियों में पुलिस बल के 13 जवान अद्भुत शौर्य का प्रदर्शन करते हुये वीर गति को प्राप्त हुये तथा 1122 पुलिस कर्मी घायल भी हुये हैं।
अपर मुख्य सचिव, गृह ने बताया कि जनमानस में सुरक्षा की भावना को और अधिक सुदृढ़ करने तथा अपराधियों के अन्दर कानून के भय का माहौल पैदा करने के लिए विशेष प्रयास किये गये हैं। इसी कड़ी में प्रदेश के 25 कुख्यात माफिया अपराधियों को चिन्हित कर उनके तथा गैंग के अपराधियों व उनके सहयोगियों के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही की गयी है।
