Thursday, March 5, 2026
Homeउत्तर प्रदेशलखनऊ : अस्पतालों में जगह नहीं, कोरोना की वजह से चरमराई व्यवस्था,...

लखनऊ : अस्पतालों में जगह नहीं, कोरोना की वजह से चरमराई व्यवस्था, सड़कों पर तड़प रहे मरीज


लखनऊ । कोरोना महामारी का प्रकोप बढऩे से राजधानी के कोविड व नॉन कोविड अस्पतालों में व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। बेड व वेंटीलेटर नहीं होने की वजह से जहां कोरोना मरीज कोविड अस्पतालों में भर्ती नहीं हो पा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर नॉन कोविड अस्पतालों में भी बेड फुल होने से मरीज सड़कों पर पड़े तड़पने को मजबूर हैं। बुधवार को किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) का ट्रामा सेंटर मरीजों से फुल हो गया। मरीज भर्ती होने के इंतजार में सुबह से शाम तक गेट के बाहर स्ट्रेचर पर पड़े रहे।
रायबरेली निवासी केश बहादुर ने बताया कि उनके पिता सुघर बहादुर सड़क दुर्घटना में घायल हो गए थे। दो घंटे से उनके पिता स्ट्रेचर पर तड़प रहे हैं, लेकिन कोई सुनने-देखने वाला नहीं है। वहीं हरदोई निवासी नगीना की दुर्घटना में कमर की हड्डी टूट गई है। अमित ने बताया कि बेड नहीं होने की बात कह कर उन्हें भर्ती नहीं किया जा रहा है। इसी तरह गोपालगंज से आए मरीज कमलेश यादव भी ट्रामा के बाहर पड़े रहे। केजीएमयू प्रवक्ता सुधीर सिंह ने कहा किसी को वापस नहीं किया जा रहा है, लेकिन गंभीर मरीजों का इलाज प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है।
दूसरी ओर, कोरोना जांच रिपोर्ट समय से नहीं मिलने के चलते मरीजों का इलाज बीच में ही रुक गया है। लखनऊ के राजाजीपुरम निवासी अमित कुमार की चार वर्षीय बेटी ट्रामा में भर्ती है। पिता ने बताया कि 24 घंटे बाद भी कोरोना रिपोर्ट नहीं आने की वजह से जांच आगे नहीं बढ़ पा रही है। डाक्टर बच्ची को कुछ खाने-पीने भी नहीं दे रहे हैं। लखीमपुर खीरी निवासी राजकुमार ने बताया कि उनकी पत्नी फूल कुमारी की बच्चेदानी में कैंसर की सिकाई होनी है, लेकिन 28 घंटे से कोविड रिपोर्ट नहीं मिली है।

RELATED ARTICLES

Most Popular