-मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के 3,42,322 लाभार्थियों को 2,409 करोड़ की धनराशि ऑनलाइन की हस्तांरित
गोरखपुर (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि देश में रोटी, कपड़ा और मकान देने के नारे आजादी के बाद से चलते रहे। लेकिन, इन नारां को हकीकत में बदलने का कार्य प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किया। उनके 2014 में प्रधानमंत्री बनने के बाद यह सभी नारे हकीकत में बदलते हुए दिखाई दिए। आज उसी का परिणाम है कि हर व्यक्ति को मकान की गारंटी, हर व्यक्ति को आजीविका की गारंटी और हर व्यक्ति को रोटी की गारंटी आज केन्द्र और प्रदेश सरकार मिलकर दे रही है।
मुख्यमंत्री बुधवार को प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत 3,42,322 लाभार्थियों को 2,409 करोड़ की धनराशि का ऑनलाइन हस्तांतरण करने के दौरान बोल रहे थे। उन्होंने योजना के सभी लाभार्थियों को प्रदेश सरकार की ओर से बधाई दी। इस मौके पर उन्होंने कोरोना कालखण्ड में इससे बचाव के उपाय सफलतापूर्वक जारी रखने और शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने का जिक्र करते हुए कहा कि दुनिया के अंदर सबसे बड़ी आधुनिक और सामरिक ताकत अमेरिका में 33 करोड़ की आबादी के बीच अब तक चार लाख से ज्यादा मौतें हुईं।
इसके विपरीत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश और उत्तर प्रदेश ने सफलता प्राप्त की। उत्तर प्रदेश में 24 करोड़ की आबादी में कुल मौत साढ़े आठ हजार मौते हुईं। उन्होंने कहा कि यानि हमने जान को भी बचाया और लोगों की आजीविका के साथ उन्हें शासन की योजना के साथ जोड़ने का कार्य भी किया है। यह सब इसलिए हो पाया क्योंकि जनता ने अपार समर्थन और आशीर्वाद केंद्र और प्रदेश सरकार को दिया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार आने से पहले प्रधानमंत्री आवास योजना में उत्तर प्रदेश 27वें स्थान पर था। इस योजना का लाभ प्रदेश के लोगों को नहीं मिल रहा था। हम लोगों ने 2017 में सरकार में आने के बाद योजना का लाभ देना प्रारंभ किया। युद्ध स्तर पर इस कार्य को किया गया। प्रदेश के अन्दर प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण और शहरी दोनों में तेजी लाई गई और अब तक लगभग 40 लाख लोगों को इसका लाभ दिया जा चुका है।
उन्होंने कहा कि अब तक 16.82 लाख से अधिक लोगों को नगरीय क्षेत्रों और 23 लाख से अधिक लोगों को ग्रामीण क्षेत्रों में इस आवास योजना का लाभ मिला है। इस तरह लगभग 40 लाख लोगों को मात्र तीन वर्ष के अंदर बड़े पैमाने पर प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिया गया। इसमें किसी को सिफारिश नहीं करनी पड़ी।
किसी को भी योजना का लाभ लेने के लिए रिश्वत नहीं देनी पड़ी। ईमानदारी के साथ चयन की प्रक्रिया को पूरा करते हुए पात्र लोगों को योजना के साथ जोड़ने का कार्यक्रम बनाया गया और उसका परिणाम है कि आज एक साथ लगभग 3,42,000 लाभार्थियों को धनराशि दी जा रही है। इनमें 12,4781 लाभार्थी ऐसे हैं जिन्हें पहली किश्त जा रही है। वहीं 69,790 परिवारों को द्वितीय किश्त उपलब्ध करायी जा रही है 1,47,751 लाभार्थियों को तृतीय किश्त उपलब्ध कराने का कार्य किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहरी क्षेत्रों में हम लोग ढाई लाख रुपये की सहायता प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत दे रहे हैं। इसमें प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत डेढ़ लाख भारत सरकार देती है और एक लाख प्रदेश सरकार देती है। योजना में चयन की प्रक्रिया भी बेहद साफ है। शहरी क्षेत्रों में जिनके पास अपनी जमीन है और सालाना आय तीन लाख से कम है, वह प्रधानमंत्री आवास योजना की पात्रता रखते हैं। अगर उनके पास जर्जर मकान भी है तो भी उन्हें सुविधा का लाभ दिया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने मकान देने की गारंटी देश के अंदर पूरा करने का प्रयास किया है और 2022 तक हमारा लक्ष्य है कि हर वह परिवार, जिसके पास आवास नहीं है उसे आवास उपलब्ध कराने का कार्य करेंगे।
Submitted By: Sanjay Singh Fartyal
