लखनऊ(हि.स.)। समाजवादी पार्टी(सपा) के महानगर अध्यक्ष सुशील दीक्षित ने शुक्रवार को कहा कि पूर्व मंत्री रविदास महरोत्रा को धक्का मारकर भगाते हुए उन्हें पहचान नहीं पाया। अगर पहचान पाता तो ऐसा नहीं होता।
श्री दीक्षित ने कहा कि नगर निगम के सामने बालू अड्डा मामले में प्रदर्शन किया जा रहा था। तभी वहां पूर्व मंत्री रविदास महरोत्रा आ गये। रविदास के आने और प्रदर्शन में सामने की ओर बैठने तक उनकी ओर ध्यान ही नहीं गया।
उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान उनके सिर में दर्द होने से चक्कर आ रहा था। रविदास महरोत्रा उनके सामने बैठे तो उन्होंने हटाने के लिए इशारा करते हुए उन्हें धक्का दिया। धक्का देने को लेकर उनकी भावना उन्हें भगाने की नहीं थी।
बता दें कि बालू अड्डे पर गंदे पानी से बीमार हुये लोगों के मामले में समाजवादी पार्टी ने नगर निगम के बाहर प्रदर्शन रखा था। प्रदर्शन के बीच में सपा के दो नेताओं महानगर अध्यक्ष सुशील दीक्षित और पूर्व मंत्री रविदास महरोत्रा के मध्य हुई खींचतान को सभी कार्यकर्ताओं ने देखा। सुशील दीक्षित ने रविदास महरोत्रा को उस वक्त धक्का देकर भगाया, जब वे श्री दीक्षित और मीडिया के कैमरों के बीच आ बैठ गए।
