Wednesday, March 4, 2026
Homeउत्तर प्रदेशयोगी बोले, महर्षि वाल्मीकि के 'विचार उपवन' की समरसता से भारतीय संस्कृति...

योगी बोले, महर्षि वाल्मीकि के ‘विचार उपवन’ की समरसता से भारतीय संस्कृति हो रही सतत सुवासित

लखनऊ (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित अन्य नेताओं ने महर्षि वाल्मीकि की जयंती पर उन्हें नमन किया है। 

मुख्यमंत्री ने शनिवार को कहा कि प्रभु श्री राम के आदर्श चरित्र को लिपिबद्ध कर सम्पूर्ण सृष्टि को कालजयी रचना “रामायण” का अनुपम उपहार देने वाले आदिकवि महर्षि वाल्मीकि जी को उनकी जयंती पर कोटिशः नमन। उन्होंने कहा कि महर्षि वाल्मीकि जी के ‘विचार उपवन’ की समरसता, समता व सद्भाव की सुगंध से भारतीय संस्कृति सतत सुवासित हो रही है।
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम जी की जीवन गाथा पर आधारित आदिकाव्य हिन्दू ग्रंथ ‘रामायण’ के रचयिता महर्षि वाल्मीकि जी की जयंती पर सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। 
उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम के आदर्श, उनके संस्कार अगर आज भारत के कोने-कोने में हमें एक दूसरे से जोड़ रहे हैं, तो इसका बहुत बड़ा श्रेय महर्षि वाल्मिकी जी को ही जाता है। राष्ट्र और मातृभूमि को सबसे बढ़कर मानने का महर्षि वाल्मीकि का जो मंत्र था, वही आज राष्ट्र प्रथम का मजबूत आधार है।
प्रदेश के बेसिक शिक्षा मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. सतीश द्विवेदी ने कहा कि ज्योतिष एवं खगोलविद्या के प्रकाण्ड पण्डित, मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम की जीवन गाथा वर्णित प्रथम संस्कृत महाकाव्य “रामायण” की रचना करने आदिकवि महर्षि वाल्मीकि जी की जयंती पर कोटिशः नमन।
वहीं समाजवादी पार्टी के ट्विटर हैंडल से इस मौके पर कहा गया कि महाकाव्य रामायण के रचनाकार, परम ज्ञाता, महान विद्वान एवं महापुरुष महर्षि वाल्मीकि जी की जयंती के अवसर पर आप सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।

RELATED ARTICLES

Most Popular