– प्रसपा प्रमुख ने कहा, हमने तो पांडवों की तरह पांच गांव मांगे थे लेकिन कौरव ने नहीं दिये
इटावा (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के इटावा में प्रसपा प्रमुख शिवपाल सिंह का यूपी विधान सभा चुनाव को लेकर बड़ा बयान दिया है। सपा का नाम लिए बगैर विधान सभा चुनाव को लेकर युद्ध की धमकी देते हुए इसका बिगुल 12 अक्टूबर से मथुरा से प्रसपा की सामाजिक परिवर्तन रथ यात्रा की शुरुआत से करने की बात कही।
शिवपाल ने अखिलेश यादव का नाम लिए बगैर कहा, अब बहुत हुआ इंतजार, अब तो युद्ध होगा। 12 अक्टूबर को मथुरा श्रीकृष्ण की कर्मभूमि से रथ यात्रा लेकर, जिस तरह पांडवों ने महाभारत के युद्ध में केवल पांच गांव मांगे थे। पूरा राज्य उनपर छोड़ दिया था। उसी तरह हमने भी केवल अपने साथियों का सम्मान मांगा था। मुझे सम्मान दो न दो हमने तो बहुत कुछ पा लिया है। मंत्री भी रहा, अध्यक्ष भी रहा और अब राष्ट्रीय अध्यक्ष भी बन गया हूं। मैंने तो 22 नवम्बर 2020 में कहा था कि अगर कहोगे तो हम नहीं लड़ेंगे लेकिन अभी तक जवाब नहीं आया। आज भी मैंने फोन और मैसेज किया था कि बात कर लो। भाजपा को हराने के लिए बात करना जरूरी है।
कहा कि सरकार बनाने के लिए लोगों को जोड़ना जरूरी है। अकेले सरकार नहीं बनाई जाती। उन्होंने पिछले उदाहरण देते हुए कहा कि उन्होंने शरद यादव से लेकर लालू प्रसाद यादव जॉर्ज फर्नांडिस जैसे पुराने दिग्गज समाजवादी धुरंधरों को जोड़ने का काम किया था। साथ ही पूर्वांचल में अंसारी बंधुओं को भी जोड़ने की कोशिश की थी लेकिन तब लोगों ने इसका विरोध कर लड़ाई शुरू कर दी थी। वहीं, लखीमपुर घटना को लेकर केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी पर भी जमकर निशाना साधते हुए हिस्ट्रीशीटर अपराधी बता डाला। कहा कि जिस राज्य का गृहमंत्री ऐसा होगा वहां क्या हाल होगा।
