लखनऊ । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में कोविड संक्रमण से बचाव एवं उपचार की व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू रखने के सार्थक परिणाम भी सामने आये हैं। राज्य में 24 घण्टों में राज्य में कोरोना संक्रमण के 93 नए मामले सामने आये हैं। इसी अवधि में 218 संक्रमित व्यक्तियों को सफल उपचार के बाद डिस्चार्ज किया गया है। वर्तमान में प्रदेश में कोरोना संक्रमण के एक्टिव मामलों की संख्या 2,032 है। वहीं इसी अवधि में प्रदेश में 02 लाख 28 हजार 158 कोविड टेस्ट किये गये हैं। राज्य में अब तक 05 करोड़ 93 लाख 31 हजार 655 कोरोना टेस्ट किये जा चुके हैं। प्रदेश में कोरोना संक्रमण की रिकवरी दर बढ़कर 98.6 प्रतिशत हो गई है।
मुख्यमंत्री योगी ने मंगलवार को यहां एक उच्चस्तरीय बैठक में प्रदेश में कोविड-19 की स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि ‘ट्रेस, टेस्ट एण्ड ट्रीट’ नीति कोरोना संक्रमण की रोकथाम में अत्यन्त प्रभावी सिद्ध हो रही है। उन्होंने इस नीति को पूरी सक्रियता से लागू रखने के भी निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोरोना टीकाकरण के प्रति लोगों को सतत जागरूक किया जाए। कोविड टीकाकरण की सुगमता के लिए ऑनलाइन स्लॉट बुकिंग को प्रोत्साहित किया जाए। इससे वैक्सीनेशन सेण्टर पर भीड़ एकत्र नहीं होगी। उन्होंने कहा कि गांवों में कॉमन सर्विस सेन्टर के माध्यम से कोविड टीकाकरण हेतु प्रदान की जा रही निःशुल्क पंजीकरण सुविधा का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।
बैठक में मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया कि प्रदेश में अब तक 50 लाख से अधिक लोगों को कोविड वैक्सीन की दोनों डोज दी जा चुकी हैं। अब तक लगभग 03 करोड़ 35 लाख वैक्सीन डोज एडमिनिस्टर की जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अनेक औद्योगिक इकाइयां राज्य में हेल्थ एटीएम स्थापित करना चाहती हैं। इन इकाइयों से संवाद स्थापित कर एटीएम की स्थापना हेतु सहयोग प्रदान किया जाए। उन्होंने आगामी 15 अगस्त तक सभी ऑक्सीजन प्लांट्स की स्थापना की कार्यवाही सम्पन्न करने के निर्देश दिए हैं। ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता, सैनिटाइजेशन एवं फॉगिंग की कार्यवाही भी नियमित रूप से संचालित रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 की महामारी के कारण जिन लोगों का निधन हुआ है, उन भूमिधरों की वरासत उनके विधिक उत्तराधिकारियांे के पक्ष में खतौनी में दर्ज करने के लिए आज से विशेष वरासत अभियान शुरू किया गया है। उन्होंने कहा कि इस महत्वपूर्ण अभियान का लाभ सभी जरूरतमंदों को दिलाया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि खतौनी की नकल राजस्व विभाग के अधिकारियों द्वारा लाभार्थी को उसके आवास पर उपलब्ध कराई जाए।
यूपी में कोरोना के मामले 100 से कम हुए
RELATED ARTICLES
