-युवाओं ने 10 से 12 घंटे में पूरी की परिक्रमा
वाराणसी(हि.स.)। महाशिवरात्रि पर्व पर मंगलवार तड़के से ही शिवभक्त कठिन 80 किलोमीटर की पंचकोशी परिक्रमा नंगे पैर पूरी कर मणिकर्णिका कुंड पर संकल्प पूरा कर बाबा विश्वनाथ के दरबार में उमड़ रहे हैं। परिक्रमा पथ पर श्रद्धालुओं का रेला चल रहा है। परिक्रमा पथ के पथरीले सड़कों पर ‘हर-हर महादेव शिव शम्भो, काशी विश्वनाथ गंगे’ का उद्घोष गुंजायमान है।
कंदवा स्थित कर्दमेश्वर महादेव, भीमचंडी, रामेश्वर, शिवपुर, कपिलधारा, आदिकेशव होते 80 किलोमीटर की यात्रा नंगे पांव युवा शिवभक्तों ने 8 से 10 घंटे में पूरे कर लिये। वहीं, बुर्जुग और महिलाएं पूरी रात और दिन चढ़ने तक चल रहे हैं। परिक्रमा पूरा करने पर ही यात्रा को विराम देंगे।
इसके पहले परम्परानुसार महाशिवरात्रि के पूर्व संध्या सोमवार शाम से पंचकोशी परिक्रमा करने के लिए युवाओं और श्रद्धालुओं का हुजूम अनादि तीर्थ मणिकर्णिका घाट पर पहुंचा। यहां स्थित चक्रपुष्कर्णी कुंड और पवित्र गंगा में स्नान कर श्रद्धालुओं का हुजूम संकल्प लेने के साथ पंचकोशी यात्रा की डगर पर चल पड़ा।
उल्लेखनीय है कि 80 किमी लंबे पंचकोशी परिक्रमा पथ पर 108 तीर्थों के होने का जिक्र स्कंद पुराण में है।
श्रीधर
