लखीमपुर खीरी (हि.स.)। भगवानदीन आर्य कन्या महाविद्यालय में पूर्व में किए गए भष्टाचार के मामले में एक प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करायी गयी है। जिसमें विद्यालय के तथाकथित प्रशासक मुदित दीक्षित एवं पूर्व कार्यवाहक प्राचार्या डॉ. सुरचना त्रिवेदी पर गम्भीर विनियमिताओं एवं गबन के आरोप लगाए गए हैं।
सदर कोतवाल चंद्रशेखर सिंह ने मंगलवार को बताया कि महाविद्यालय में विगत तीन वर्षों से प्रबन्धकीय विवाद चल रहा है। आरोप है कि इसी मध्य में महाविद्यालय के कोष से विभिन्न मदों में लाखों रुपये की अवैध निकासी की गयी। इसे शासन को लाखो रुपये की क्षति हुई।
कार्यवाहक प्राचार्या डॉ. सुरचना त्रिवेदी ने अवैध रूप से मुदित दीक्षित के हस्ताक्षर प्रमाणित कर लाखों रुपये की निकासी नकद एवं वियर की गयी। जबकि नियमानुसार प्रबन्धक के हस्ताक्षर विभागीय उच्च अधिकारी से प्रमाणित होने चाहिए। इस तथ्य को संज्ञान में लेते हुए शासन द्वारा गठित विशेष सम्परीक्षक द्वारा जांच करवा कर अनियमितता पाये जाने पर धारा-57, 58 की कार्यवाही करते हुये प्रबन्ध समिति भंग कर जिलाधिकारी को प्राधिकारी नियंत्रक बनाया गया। मामले में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच की जा रही है।
देवनन्दन
