वाराणसी (हि.स.)। भारतीय सेना में धर्म शिक्षकों की भर्ती में शास्त्री डिग्री धारक विद्यार्थियों को रोके जाने पर काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के संस्कृत के छात्र भी आक्रोशित है। गुरूवार को विश्वविद्यालय के संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय के छात्रों ने इस मामले को लेकर केंद्रीय कार्यालय के सामने धरना प्रदर्शन किया।
धरने में कोरोना प्रोटोकाल का पालन कर छात्रों ने कहा कि विवि की डिग्री में शास्त्री आचार्य के साथ ग्रेजुएट और पोस्ट ग्रेजुएट न उल्लेखित होने के कारण उन्हें अब जगह-जगह कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। प्रतियोगी परीक्षा क्वालीफाई होने के बाद भी उन्हें नियुक्ति पत्र नहीं मिल रहा। झारखंड में 12 से 15 छात्रों को यह समस्या झेलनी पड़ी है। वर्तमान में भारतीय सेना के भर्ती में धर्म शिक्षक के पद पर छात्र दौड़ व मेडिकल पास कर रहे हैं। लेकिन उन्हें लिखित परीक्षा देने से रोका जा रहा है। छात्रों ने बताया कि दो दिन पूर्व संकाय विभाग के सामने धरना प्रदर्शन किया था। तब संकाय प्रमुख ने आकर आश्वासन दिया था कि इस बारे में कुलपति को पत्र लिखेंगे।
श्रीधर
