Saturday, February 14, 2026
Homeउत्तर प्रदेश बिना वीडियो बनाए स्वयं रीडिंग लेकर बिजली बिल जमा कर सकते हैं...

 बिना वीडियो बनाए स्वयं रीडिंग लेकर बिजली बिल जमा कर सकते हैं उपभोक्ता

लखनऊ(हि.स.)। मध्यांचल विद्युत वितरण खंड अंतर्गत लेसा में काउंटर पर बिल जमा करने वाले विद्युत उपभोक्ताओं से मीटर की वीडियो बनाकर लाने की बाध्यता वाला गैर कानूनी आदेश पर विराम लग गया है। उपभोक्ता परिषद की शिकायत पर प्रबंध निदेशक पावर काॅरपोरेशन के निर्देश ने निर्देश जारी कर इसको रोकने के आदेश दे दिये हैं। अब उपभोक्ता स्वयं रीडिंग लेकर पूर्व की भांति जमा कर बिल जमा कर सकेंगे।

पिछले एक हफ्ते से लेसा में कोई विद्युत उपभोक्ता स्वयं अपनी रीडिंग लेकर जब काउंटर पर बिल जमा करने के लिए जाता था तो उसे बैरंग लौटा दिया जाता था। कहा जाता था कि आप अपने मीटर की वीडियो बनाकर लाएं। इसके बाद ही बिजली बिल काउंटर पर जमा किया जाएगा। विवाद बढ़ने पर आज उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष व राज्य सलाहकार समिति के सदस्य अवधेश कुमार वर्मा ने जब मुख्य अभियंता लेसा ट्रांस गोमती ए. के. तिवारी से बात की और पूछा कि विद्युत वितरण संहिता- 2005 व ट्रस्ट बिलिंग में दिए गए प्रावधान के विपरीत आदेश क्यों लागू किया गया। इस पर उनके द्वारा कहा गया कि ऊपर का आदेश है, वहीं जब मुख्य अभियंता सिस गोमती संजय जैन से बात की तो उन्होंने कहा कि उपभोक्ता परिषद की बात बिल्कुल सही है। विद्युत वितरण संहिता के तहत ही कार्रवाई होगी और जो भी विवाद उत्पन्न हो रहा है। उस संबंध में सभी अपने क्षेत्र के अभियंताओं को निर्देशित कर दूंगा कि उपभोक्ताओं के साथ इस प्रकार की कोई बाध्यता न रखी जाए।

उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष व राज्य सलाहकार समिति के सदस्य अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि किसी भी क्षेत्र में कोई शिकायत मिले तो हमें बताएं। उपभोक्ताओं के साथ कोई भी अन्याय नहीं होने पायेगा। उपभोक्ता परिषद ने कहा कि कोई भी विद्युत उपभोक्ता स्वयं रीडिंग लेकर जब बिल जमा करता है। यदि विभाग को कोई दिक्कत है तो चेक करा सकता है। पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए उपभोक्ता परिषद अध्यक्ष ने पावर काॅरपोरेशन के प्रबंध निदेशक पंकज कुमार से बात कर लेसा में चल रही मनमानी कार्यवाही से अवगत कराया। इस पर उनके द्वारा स्पष्ट किया गया कि इस प्रकार का कोई आदेश नहीं दिया गया है। विद्युत वितरण संहिता व नियामक आयोग द्वारा बनाया गया जो कानून है, वही लागू रहेगा। अभी तुरंत लेसा को मेरे द्वारा निर्देश दिए जाएंगे। इस प्रकार की बाध्यता किसी भी उपभोक्ता पर न लागू की जाए। वीडियो बनाकर लाने का कोई भी आदेश बाध्यकारी नहीं है।

उपेन्द्र/सियाराम

RELATED ARTICLES

Most Popular