बिजनौर( हि.सं.) बिजनौर विधानसभा सीट पर गठबंधन के सपा नेता डाॅ. रमेश तोमर ने आज खुद को टिकट मिलने की बात कहते हुए अपने समर्थको के साथ कलक्ट्रेट पहुंच नामांकन कर रोचक स्थिति पैदा कर दी|।
20 जनवरी को रालोद से डाॅ.नीरज को टिकट दिए जाने की घोषणा की गई थी। जारी सूची में डाॅ. नीरज का नाम आने के बाद उनके समर्थकों ने उन्हें बधाई देनी शुरू कर दी थी, पर इस घोषणा से दो दिन पहले से ही डॉ. रमेश तोमर खुद को टिकट फाइनल होने का दावा भी कर रहे थे जिन्होंने नामांकन के समय पर्चा भी दिखाते हुए बिजनौर सीट सपा के खाते में होने की बात कही।
गठबंधन के दोनों महत्वपूर्ण दलों द्वारा आमने सामने आने के बाद ये मामला काफी चर्चा में है। नामांकन का आज पहला दिन था, अब यह देखना रोचक होगा कि गठबंधन के बड़े नेता क्या फैसला करते हैं । पहले से ही बिजनौर, नहटौर व चांदपुर सीटों पर रालोद की दावेदारी तय मानी जा रही थी। अभी तक नहटौर व बिजनौर सीटों पर रालोद प्रत्याशी घोषित किये गए हैं । चांदपुर में भी इन्ही दोनों दलों में चल रही दावेदारी को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है। स्वामी ओमवेश चांदपुर सीट सपा से टिकट मांग रहे हैं, वहीं रालोद की अपनी दावेदारी इस सीट पर होने के कारण सपा सुप्रीमो टिकट नहीं घोषित कर पाये हैं। अगर स्वामी ओमवेश का टिकट कटा तो उनके निर्दलीय लड़ने की सम्भावना भी मानी जा रही है ।
स्वामी ओमवेश चांदपुर सीट से निर्दलीय प्रत्याशी के रुप में जीत चुके हैं, इस सीट पर इसी कारण कदम फूंक फूंक कर रखा जा रहा है। बिजनौर से दोनों प्रत्याशी जाट बिरादरी के हैं। रमेश तोमर कई वर्षों से सपा में रहते हुए सक्रिय हैं, वहीं डाॅ. नीरज को राजनीति विरासत में मिली है , उनके पिता तेजपाल सिंह चांदपुर सीट से दो बार विधायक रह चुके हैं।
नीरज सिंह के समर्थक बीरेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि पार्टी को बता दिया गया है । नेता इस बारे में विचार विमर्श कर जल्द ही इस विषय का पटाक्षेप करेंगे। रालोद प्रत्याशी ही बिजनौर सीट पर अधिकृत है।
नरेन्द्र
