मथुरा (हि.स.)। वृंदावन कोतवाली की रमणरेती पुलिस चौकी के समीप गांव में आठ साल की बालिका की रेप के बाद हत्या के मामले में पुलिस के खुलासे से असंतुष्ट परिजन मंगलवार को घर पर धरने पर बैठ गए हैं। परिजनों का कहना है कि जब तक पीड़िता को न्याय नहीं मिल जाता, उसके दोषियों को सजा नहीं मिल जाती, तब तक उनका धरना जारी रहेगा। उनके समर्थन में आम आदमी पार्टी कार्यकर्ता भी हैं। उन्होंने कहा कि अगर जल्द हत्यारोपित गिरफ्तार नहीं हुए तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
मंगलवार को अपने घर की चौखट पर धरना दे रहे परिजनों का कहना है कि उनकी आठ साल की बच्ची का पहले अपहरण किया गया। उसके अन्यत्र ले जाकर उसके मुंह में अन्तःवस्त्र ठूस दिया और दुराचार किया। बालिका की हत्या कर शव को सुनरख के जंगल में डाल दिया गया। इस मामले में पुलिस ने जो खुलासा किया वह सही नहीं है। सिर्फ एक नशे के आदि व्यक्ति इस जघन्य अपराध को अंजाम नहीं दे सकता। इसमें और भी लोगों का हाथ हो सकता है। पुलिस इस मामले को दबा रही है। परिजनों ने चेतावनी दी है कि बालिका से रेप और हत्या करने वाले दोषियों को सजा दी जाए। यदि उनकी बेटी को इंसाफ नहीं मिला तो वह उग्र आन्दोलन करेंगे।
गौरतलब हो कि, 25 नवंबर की दोपहर रमणरेती पुलिस चोकी के समीप गांव से पड़ोस की एक महिला के साथ आठ साल की बालिका लड़की बीनने के लिए निकट के जंगल में गई थी, लेकिन कुछ समय में बालिका लापता हो गई। बालिका का शव 26 नंवबर की सुबह सुनरख के जंगल में बालिका की लाश मिली। पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि बालिका का पहले रेप हुआ उसके बाद उसकी हत्या कर दी गई।
