Wednesday, February 11, 2026
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बाराबंकी : मधुलिमये जन्मशताब्दी वर्ष में हर माह एक वैचारिक गोष्ठी करने का निर्णय


बाराबंकी । गाँधीवादी चिन्तक वरिष्ठ लोकतंत्र सेनानी राजनाथ शर्मा का 77वां जन्मदिन इस बार सादगी के साथ दो दिन मनाया गया और संकल्प लिया गया कि कोरोना के खिलाफ जागरूकता अभियान के साथ मधुलिमये जन्मशताब्दी वर्ष को लेकर पूरे वर्ष एक मई 2021 से एक मई 2022 के बीच हर महीने के पहले सप्ताह में एक वैचारिक गोष्ठी की जाएगी। इसे लेकर एक मई को होने वाली पहली गोष्ठी में समाजवादी चिन्तक प्रोफेसर राजकुमार जैन (दिल्ली) और लोकतंत्र सेनानी जितेंद्र पाण्डेय सैलानी को मधुलिमये स्मृति सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। गांधीवादी चिन्तक राजनाथ शर्मा 25 अप्रैल रविवार को 77 वें वर्ष में प्रवेश किए। इस दिन कम्प्लीट लाॅकडाउन था। इसलिए जन्म दिवस का कार्यक्रम दो खण्डों में हुआ। प्रथम खण्ड में उन्होंने रविवार को अपने आवास पर कोरोना से जूझ रहे वरिष्ठ पत्रकार सुभाष मिश्रा सहित सभी साथियों को जल्द स्वस्थ करने तथा देश को कोरोना के जबड़े से मुक्ति के लिए परमपिता परमेश्वर से प्रार्थना की। फिर गांधी भवन में महात्मा गाँधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। तदोपरान्त खेत पर जाकर गोमाता समेत वहां मिले सभी जानवरों को पूड़ी सब्जी का भोग कराया। दूसरे खण्ड में 26 अप्रैल सोमवार को गांधी भवन में गांधी जयंती समारोह ट्रस्ट की एक बैठक हुई। जिसमें संकल्प लिया गया कि धीरज, साहस और सतर्कता के बल पर कोरोना को पराजित किया जाएगा और इसके लिए शासन प्रशासन और स्वास्थ्यकर्मियों को हर स्तर पर सहयोग किया जाएगा। इसी क्रम में निर्णय लिया गया कि वरिष्ठ समाजवादी चिन्तक स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी मधुलिमये के जन्म शताब्दी वर्ष को लेकर एक मई 2021 से एक मई 2022 तक हर माह के पहले सप्ताह में एक विचार गोष्ठी की जाएगी और इन गोष्ठियों में समाजवादी आन्दोलन से जुड़े दो वरिष्ठ लोगों को हर माह मधुलिमये स्मृति सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। जिसकी शुरुआत एक मई से होगी। इस अवसर पर मिले स्नेह के प्रति आभार प्रकट करते हुए गाँधीवादी चिन्तक राजनाथ शर्मा ने कहा कि कोरोना से डरने की नहीं, लड़ने की जरूरत है। इसे हराने में भारत कामयाब होगा। इस कामयाबी के लिए जरूरी है कि हम लोग सतर्कता, सफाई, दो गज दूरी और मास्क जरूरी का खुद भी कड़ाई से पालन करें और दूसरों से भी कराएं।

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