मेरठ (हि.स.)। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने कहा कि बाढ़ से पहले ही उससे निपटने की तैयारी की जाए। बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांवों का अधिकारियों द्वारा निरीक्षण किया जाए और उससे निपटने की तैयारी करें।
कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार को सम्भावित बाढ़ आपदा से निपटने के लिए बाढ़ स्टेयरिंग ग्रुप की बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि सम्बंधित बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में पहले पांच वर्षों में आई बाढ़ की जानकारी ली जाए। सम्बंधित क्षेत्रों में बाढ़ चौकी, राहत शिविर, आश्रय स्थल, स्वच्छ पेयजल, खाना पैकेट आदि व्यवस्थाएं समय से पहले पूरी की जाए। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में नाव की संख्या, गोताखोर एवं बाढ़ प्रभावित लोगों को चिकित्सीय सुविधाओं का समग्र रूप से आकलन करके तैयारी की जाए। राहत एवं बचाव कार्य, नागरिकों को दी जाने वाली सुविधाओ के सम्बंध में सम्बंधित विभागीय अधिकारी टीमों का गठन कर रिपोर्ट उपलब्ध कराएं।
जिलाधिकारी ने अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को बाढ़ के समय में राहत एवं बचाव कार्य के लिए की जा रही कार्रवाई का रोस्टर बनाकर कार्मिकों की ड्यूटी सूची उपलब्ध कराने को कहा। बाढ़ आपदा हेतु स्थानीय एवं जनपद स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित करते करके कार्मिकों की ड्यूटी का रोस्टर जारी किया जाए। टोल फ्री नंबरों का अधिक से अधिक प्रचार प्रसार किया जाए। इस अवसर पर एडीएम वित्त पंकज वर्मा, डीएफओ राजेश कुमार आदि उपस्थित रहे।
कुलदीप
