बांदा (हि.स.)। जनपद के नवोदित समीक्षक, आलोचक और रचनाकार डॉ. राहुल मिश्र को अनागत कविता भारती सम्मान से अलंकृत किया गया है। अखिल भारतीय अनागत साहित्य संस्थान द्वारा लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में डॉ. राहुल को उनकी साहित्यसेवा के लिए यह सारस्वत सम्मान प्रदान किया गया है।
डॉ. मिश्र लद्दाख स्थित केंद्रीय बौद्ध विद्या संस्थान मानद विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के अध्यक्ष हैं। इसके साथ ही डॉ. मिश्र पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार की हिंदी सलाहकार समिति के सदस्य भी हैं।कठिन वर्तमान को जीते हुए स्वर्णिम भविष्य की कल्पना पर केंद्रित अनागत कविता आंदोलन के प्रतिनिधि साहित्यिक संगठन अखिल भारतीय अनागत साहित्य संस्थान द्वारा साहित्यसेवा के क्षेत्र में, विशेष रूप से समीक्षा और कविता लेखन में सक्रिय रचनाकारों को सम्मानित किया जाता है।
डॉ. राहुल मिश्र अध्यापन के साथ ही समीक्षा, आलोचना और यात्रा-कथाओं के लेखन में सक्रिय हैं। डॉ. मिश्र की विभिन्न पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं। इसके साथ ही विभिन्न पत्रिकाओं में शोध-आलेख भी प्रकाशित हो चुके हैं। डॉ. मिश्र को पूर्व में भी सर्वाेत्कृष्ट शोध-आलेख का राष्ट्रीय पुरस्कार एवं गीता-जयंती सम्मान प्राप्त हुए हैं। हिंदी के नवोदित समीक्षक, आलोचक और रचनाकार के रूप में डॉ. मिश्र की ख्याति देश-विदेश में है। डॉ. मिश्र को अनागत कविता भारती सम्मान दिये जाने पर उनके शुभचिंतकों ने प्रसन्नता जाहिर की है।
अनिल
