प्रयागराज (हि.स.)। सर्वदलीय पार्षद-पूर्व पार्षद संघर्ष समिति जलकल विभाग द्वारा अपनाये गये नये गृह मूल्यांकन के अनुसार नया स्लैब रेट बनाने सहित अन्य मांगों को लेकर 19 अक्टूबर को सिविल लाइंस में विशाल धरना प्रदर्शन करेगा।
समिति के संयोजक शिव सेवक सिंह एवं कमलेश सिंह ने संयुक्त रूप से बताया कि जलकल विभाग द्वारा 2020 में एक अप्रैल से 31 जुलाई तक पुराने दर पर वाटर टैक्स लिया गया और अगस्त से नगर निगम सदन को बिना अवगत कराये तथा बिना नया स्लैब रेट बनाये नया गृह मूल्यांकन वर्ष 2014 को अपना कर नियम विरूद्ध मनमाने ढंग से जलमूल्य व जलकर में बेतहाशा वृद्धि कर दी। जिसे वापस लेने तथा हाउस टैक्स की भांति वाटर टैक्स की वृद्धि को भी स्थगित करने की मांग निरन्तर कर रहे हैं।
बताया कि 10 नवम्बर, 2020 को महापौर, नगर आयुक्त व महाप्रबंधक के साथ प्रशासनिक पक्ष रखते हुए कहा था कि ‘जलकर में कोई वृद्धि नहीं हुई है, भवनों के पुनरीक्षित बढ़े वार्षिक मूल्यांकन के आधार पर 2014-15 से ही उपभोक्ता गृह कर जमा कर रहे हैं। लेकिन जलकल विभाग ने 2020-21 में अपनाया है, इससे जलमूल्य के लिए तय स्लैब रेट की श्रेणी में बदलाव होने से उपभोक्ताओं को उसके मुताबिक बिल भेजा जा रहा है। इस मुद्दे पर दुष्प्रचार करने वालों के खिलाफ कार्यवाही के लिए शासन को लिखा जायेगा।’’
पार्षदों का कहना है कि जलमूल्य निर्धारण हेतु लागू वर्ष के गृह मूल्यांकन के अनुसार स्लैब रेट बनता है। किन्तु जलकल विभाग ने वित्तीय वर्ष प्रारम्भ होने के बाद बीच टर्म में नया गृह मूल्यांकन अपना लिया किन्तु अपनाये गये गृह मूल्यांकन के अनुसार नया स्लैब रेट नहीं बनाया और 1994 के पूर्व का पुराना स्लैब रेट को अपना लिया गया जो नियम विरूद्ध है।
