प्रतापगढ़ (हि.स.)। जिले में सबसे अधिक क्रिटिकल बूथ कुंडा विधान सभा क्षेत्र में हैं। इसकी संख्या 111 है। सदर विधानसभा क्षेत्र में 91 बूथ, रामपुर खास में 90 और बाबागंज में 87 बूथ क्रिटिकल चिह्नित किए गए हैं।
विधानसभा चुनाव की तैयारियां इन दिनों जोरों पर हैं। एक ओर राजनीतिक दलों के लोग वोटों के जोड़-घटने में जुटे हैं तो दूसरी ओर शासन और प्रशासन स्तर पर शांतिपूर्ण चुनाव संपन्न कराने की तैयारी चल रही है। इसी क्रम में प्रतापगढ़ जिले में विधानसभा चुनाव के मुद्देनजर अति संवेदनशील और संवेदनशील विधानसभा क्षेत्रों को चिह्नित किया जा रहा है। जिले में सबसे अधिक संवेदनशील कुंडा विधानसभा क्षेत्र है। कुंडा के सौ से अधिक बूथ क्रिटिकल चिह्नित किए गए हैं। इसके अलावा रामपुर खास, बाबागंज एवं सदर विधानसभा क्षेत्र भी संवेदनशील हैं।
विधान सभा चुनाव को लेकर जिला प्रशासन ने कवायद शुरू कर दी है। मतदाता सूची के पुनरीक्षण के साथ बूथों पर उपलब्ध संसाधनों को दुरुस्त कराया जा रहा है। इसी क्रम में शांतिपूर्ण चुनाव संपन्न कराने को लेकर संवेदनशील बूथों को चिह्नत किया जा रहा है। जिला प्रशासन ने संवेदनशील बूथों को क्रिटिकल बूथ का नाम दिया है। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में क्रिटिकल बूथ चिह्नित किए हैं। सबसे अधिक 111 क्रिटिकल बूथ कुंडा विधानसभा क्षेत्र में हैं। कुंडा के बाद सदर विधान सभा क्षेत्र में 91 बूथ क्रिटिकल चिह्नित किए गए हैं। रामपुर खास में क्रिटिकल बूथों की संख्या 90 और बाबागंज में 87 है। पट्टी में 48, विश्वनाथगंज में 43 और रानीगंज में 23 बूथ हैं।
हर चुनाव में गड़बड़ी की आशंका बनी रहती है। पंचायत चुनाव से लेकर विधानसभा और लोकसभा चुनाव में यहां मारपीट की घटनाएं हुई हैं। इसलिए चुनाव आयोग की नजर इस जिले पर हर चुनाव में रहती है। आगामी चुनाव को लेकर जिला एवं पुलिस प्रशासन ने अभी से पूरी कवायद शुरू कर दी है। उपद्रवी चिह्नित किए जा रहे हैं, उन्हें नोटिस तामील कराकर पाबंद किया जा रहा है। इसे लेकर उपद्रवियों में खलबली मची है।
दीपेन्द्र
