मेरठ (हि.स.)। बसपा सरकार में मंत्री रहे याकूब कुरैशी और उनके दोनों बेटों को मेरठ जेल से अलग-अलग जेलों में शिफ्ट कर दिया गया। जेल में पूर्व मंत्री से मिलने वालों की संख्या लगातार बढ़ती देखकर यह निर्णय लिया गया।
अल फहीम मीटैक्स प्राइवेट लिमिटेड प्रकरण में पूर्व मंत्री याकूब कुरैशी और उनके बेटे इमरान व फिरोज की मुश्किलें बढ़ती जा रही है। 50 हजार रुपए का इनाम घोषित होने के बाद मेरठ पुलिस ने याकूब कुरैशी और उनके बेटे इमरान को दिल्ली से गिरफ्तार किया था। जबकि एक बेटा फिरोज पहले ही गिरफ्तार हो चुका है। गैंगस्टर के तहत याकूब कुरैशी की संपत्ति को चिन्हित करने का काम तेजी से चल रहा है। मेरठ जेल में बंद पूर्व मंत्री और दोनों बेटों से मिलने वालों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही थी। जेल में याकूब कुरैशी को सुविधाएं मिलने की बात भी सामने आ रही थी। शासन स्तर पर मामला उठने पर याकूब कुरैशी पर शिकंजा कसने का काम शुरू हुआ।
याकूब कुरैशी को मंगलवार को मेरठ जेल से सोनभद्र जेल में शिफ्ट कर दिया गया। इमरान को सिद्धार्थनगर और फिरोज को बलरामपुर जेल में शिफ्ट किया गया है। एसएसपी रोहित सिंह सजवाण के मुताबिक, शासन के आदेश के अनुसार तीनों पिता-पुत्र को अलग-अलग जिलों में शिफ्ट कर दिया गया है। जेल में जिन-जिन लोगों ने याकूब कुरैशी और उनके बेटों से मुलाकात की है। उनका क्या कनेक्शन है, इसकी भी जांच-पड़ताल की जा रही है। मेरठ जिला कारागार के वरिष्ठ जेल अधीक्षक राकेश कुमार का कहना है कि पूर्व मंत्री और बेटों को पुलिस सुरक्षा में प्रदेश की अलग-अलग जेलों में शिफ्ट कर दिया गया।
कुलदीप
