Tuesday, March 31, 2026
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पूर्वांचल में जेठ की दोपहरी को झेलना मुश्किल, तापमान पहुंचा 42 डिग्री

शादियों के मौसम में आसमान से बरस रही आग, लोग हुए बेहाल

लू और ताप से बचाव के लिए जिला प्रशासन ने जारी किया निर्देश

भदोही(हि.स.)। प्रदेश और पूरे पूर्वांचल में जेठ की दुपहरी जुल्म ढा रही है। आसमान से आग बरस रही है। दोपहरी में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। शादियों का मौसम भी अपने उफान पर है। अगर आप संभले नहीं तो जानलेवा लू की चपेट में आ सकते हैं। शासन की तरफ से भी गर्मी और लू से बचाव के निर्देश जारी किया गया है। जिलाधिकारी गौरांग राठी ने लोगों से धूप और गर्मी से बचने की बात कही है।

सिर पर बांधे गमछा, पानी भी साथ रखें

शादी-ब्याह और मांगलिक कार्यक्रमों में अगर आप शरीक होने के लिए निकल रहे हैं तो इन बातों का ख्याल जरूर रखें। अपने पास एक पानी की बोतल रखें। हेलमेट, टोपी का प्रयोग करें। प्यास न लगे, तब भी पानी का उपयोग करते रहें। धूप में लंबी यात्रा कर रहे हैं तो बीच-बीच में थोड़ा आराम कर लें। ओआरएस का घोल, छाछ, दही और विटामिन सी का अधिक प्रयोग करें। नींबू पानी और चीनी के शरबत का भी उपयोग लाभदायी है। लू से बचाव के लिए परंपरागत तरीकों का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।

भोजन बनाते वक्त खुली रखें रसोई की खिड़की

महिलाएं खाना बनाते समय किचन की बालकनी व खिड़की को खोल कर रखें। रसोई में पर्याप्त हवा का प्रवेश हो रहा है कि नहीं, इसका भरपूर ख्याल रखें। रसोई में एग्जास्ट फैन का भी उपयोग कर सकते हैं। रात में जिस कमरे में सो रहे हों, उसकी खिड़की और दरवाजे खुले रखें। कमरे में हवा आती रहे। कमरे को पूरी तरह बंद न करें। छोटे बच्चों और गर्भवती महिलाओं का विशेष रूप से ध्यान दें। कमरों में अगर लू का प्रवेश हो रहा है तो गत्ते लगाएं।

भोजन ताज़ा और सुपाच्य लें

भोजन हल्का और सुपाच्य लें। अधिक गरिष्ठ और तेल मसाले के भोजन से बचें। पानी का सेवन पर्याप्त मात्रा में करें। रात में भी गर्मी की वजह से आपका गला सूखता है पानी, पीने की आदत बनाएं। भारी काम के दौरान थोड़ा-थोड़ा आराम करें। गर्मी अधिक पड़ रही है। अगर आवश्यक न हो तो व्यायाम न करें। शुगर और हार्ट-डिजीज के मरीज अधिक मेहनत से बचें। बाजार में बिकने वाले खाने-पीने के खुले पदार्थों से परहेज करें। अगर आवश्यक है तो साफ-सुथरे दुकान से ही खाद्य पदार्थ लें। हरी सब्जियों का भोजन में अधिक से अधिक प्रयोग करें, बाकि अपने चिकित्सक से परामर्श लेते रहें।

सूती कपड़े का करें प्रयोग, चुने रंगे छत

घर की छत को चुने या सफेद रंग से पुताई कराना लाभदायक है। इस दौरान हल्के और सूती कपड़ों का ही प्रयोग करें। धूप में निकलने से बचेंऔर मौसम की भविष्यवाणी पर ध्यान रखें। मवेशियों को छाया में बांधे। अत्यधिक प्रोटीन युक्त बासी खाने का उपयोग न करें। धूप में खड़े वाहन में बच्चों को न बैठाएं। चाय, काफी व शराब के सेवन से परहेज करें।

जानिए क्या है लू का लक्षण

अगर आप लू की चपेट में आ जाते हैं तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें और इलाज कराएं। लू लगने के बाद आपके शरीर में ऐंठन होगी। शरीर का तापमान बढ़ेगा। उल्टी शुरू होगी। कमजोरी और सिर दर्द होगा। लू लगने के बाद छाया में रहें और ठंडे पानी से सूती कपड़े भिगोकर अपने शरीर को पोंछे। अधिक दिक्कत होने पर तत्काल चिकित्सक को दिखाएं।

खान-पान का रखें विशेष ख़्याल : डॉ केबी मिश्रा

चिकित्सक डॉक्टर केबी मिश्रा के अनुसार गर्मी के मौसम में तमाम संक्रामक बीमारियां फैलती हैं। अधिक धूप में निकलने से आप लू और सनबर्न का शिकार हो सकते हैं। आपको चमड़ी का संक्रमण हो सकता है। शादी-विवाह में खानपान का विशेष ख्याल न रखने पर आप डायरिया के शिकार हो सकते हैं। भोजन साफ, स्वच्छ और ताज़ा खाएं। मौसमी फल, सब्जी और सलाद का उपयोग करें। भोजन में हरी सब्जी का अधिक उपयोग करें। धूप में से निकलने से बचें। पर्याप्त मात्रा में पानी पीएं। रात में मच्छरदानी का प्रयोग करें। लू लगने के दौरान आप डॉक्टर से संपर्क करें। मौसमी बीमारियों से बचने के लिए सबसे बेहतर है कि आप खुद का ख्याल रखें और अपने स्वास्थ्य की चिंता करे।

प्रभुनाथ

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