फर्रुखाबाद (हि.स.)। जहानगंज थाना क्षेत्र में मिले अज्ञात युवती के शव की शिनाख्त हो गई है। इस 20 वर्षीय युवती शिवांगी की हत्या पुलिस के लिए अब पहेली बनती जा रही, जिसका खुलासा करना भी एक चुनौतीपूर्ण है। फिलहाल अभी तक पुलिस की तहकीकात में जो तथ्य सामने आए हैं उनसे पता चलता है कि रोज घर से जाने वाली शिवांगी कंप्यूटर इंस्टिट्यूट न जाकर और कहीं जाती थी। आशंका है कि शिवांगी के साथ दगाबाजी कर उसकी हत्या की गई है। पुलिस शव का पोस्टमार्टम कराएगी।
मृतक शिवांगी थाना नवाबगंज के ग्राम गुसरापुर निवासी अरुण कुमार अग्निहोत्री की 20 वर्षीय पुत्री थी। बीते दिन उसका लहूलुहान शव थाना जहानगंज क्षेत्र में सड़क के किनारे खाई में पड़ा मिला था। अरुण कुमार की शिकायत पर बीती शाम थाना नवाबगंज पुलिस ने शिवांगी के अपहरण की रिपोर्ट दर्ज की है। उसके बाद अरुण कुमार ने मृत शिवांगी की फोटो देखकर बेटी की शिनाख्त की थी। शिवांगी का ग्राम पंचायत सहायक पद पर चयन हुआ है। उसने दो वर्ष पूर्व ही कंप्यूटर का कोर्स किया था।
पंचायत सहायक पद पर कार्य करने के लिए शिवांगी ने नगर फर्रुखाबाद के मोहल्ला जोगराज स्थित एशियन कंप्यूटर पर ट्रेनिंग लेना शुरू कर दिया था। कंप्यूटर इंस्टिट्यूट के निदेशक सुरेंद्र पांडे ने बताया कि शिवांगी करीब एक हफ्ता से सेंटर पर नहीं आई थी। परसों रात पिता ने कार्यालय फोन कर शिवांगी के बारे में जानकारी की थी।
केंद्र की प्रबंधक आकांक्षा सक्सेना ने शिवांगी के पिता को न आने की जानकारी दे दी थी। श्री पांडे ने आकांक्षा सक्सेना के हवाले से बताया कि शिवांगी होनहार एवं मिलनसार युवती थी। उसकी हत्या की जानकारी मिलने पर काफी सदमा लगा है। हत्या के बाद शिवांगी के मोबाइल फोन को सर्विलांस के जरिए खंगाला गया। शिवांगी का मोबाइल फोन परसो शाम 4 बजकर 30 मिनट से बंद है। उसकी अंतिम लोकेशन फर्रुखाबाद रेलवे स्टेशन के निकट ग्राम नगला खैरबंद का मिला है।
थाना जहानगंज के उप निरीक्षक राजेश कुमार चौबे ने शिवांगी के शव का पंचनामा भरा है। जाहिरा तौर पर शिवांगी के ओठ व नाक पर चोट के निशान देखे गए। उप निरीक्षक राजेश कुमार चौबे ने बताया कि युवती के शरीर पर खरोचों के निशान थे, जिसे अनुमान लगाया गया कि शिवांगी के साथ हत्यारों ने जबरदस्ती की थी। शिव़ांगी ने वचाव किया होगा तभी उसके शरीर पर खरोच के निशान लगे होगें।
थाना जहानगंज पुलिस शनिवार को शव का पोस्टमार्टम कराएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही शिवांगी की हत्या की वजह उजागर होगी। शिवांगी घरवालों से भी झूठ बोलती रही। वह अक्सर सुबह 9 बजे घर से सेंटर जाने को कह कर जाती थी। गुरुवार को वर्षा होने के कारण शिवांगी करीब 7.30 बजे ही घर से चली गई। उसके बाद शिवांगी कंप्यूटर सेंटर नहीं पहुंची। समझा जाता है कि शिवानी के साथ धोखा किया गया है।
