कानपुर(हि.स.)। कुल हिंद जमीअतुल आवाम के तत्वधान में 12 रबी उल अव्वल के मौके पर जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी जश्ने चिरागा रोशनी जुलूस-ए-मोहम्मदी को लेकर रविवार को बैठक की। रिजवी रोड स्थित अकबर आजम हॉल में शहर काजी कानपुर मुफ्ती साकिब अदीब की अध्यक्षता व महामंत्री महबूब आलम के नेतृत्व में शहर के उलेमा मुफ्ती कारी धर्मगुरु बुद्धिजीवियों जुलूस जश्न चिरागा में शामिल होने वाली अंजुमन के जिम्मेदार मौजूद रहें।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे शहर काजी साकिब अदीब मिस्बाही ने कहा कि लोग ईद मिलादुन्नबी की तैयारियां जोरों पर कर रहे हैं। जश्ने चरागा पूरी शान-ओ-शौकत से मनाया जाएगा। विभिन्न क्षेत्रों से निकलने वाले जुलूस और शहर से उठने वाले बड़े जुलूस के संबंध में लगातार कोशिशें की जा रही हैं। इंशा अल्लाह इस बार हम जुलूस-ए-मोहम्मदी भी निकालेंगे और जश्ने चरागा भी करेंगे। बस इस बात का ख्याल रखा जाए की जिस पैगंबर की पैदाइश के मौके पर जुलूस और जश्न ए चिरागा किया जाता है वह शांति, भाईचारा, सादगी का पैगाम देते हैं। हम बड़े अच्छे अंदाज से अदब और एहतराम से ईद मिलादुन्नबी के विभिन्न कार्यक्रम करें।

महामंत्री महबूब आलम खान ने बताया कि मीटिंग में शहर के विभिन्न अलग-अलग इलाकों से आए जिम्मेदारों ने कहा कि जब सब कुछ ठीक-ठाक चल रहा है, सारे आयोजन धार्मिक और राजनीतिक किए जा रहे हैं तो हम पैगम्बर इस्लाम का जन्मदिन अपने परंपरागत तरीके से क्यों ना मनाएं। सभी लोगों ने कहा कि हम लोगों ने पिछले विभिन्न त्योहार शासन-प्रशासन का सहयोग करते हुए कोविड-19 की गाइडलाइन के मुताबिक मनाने में सहयोग प्रदान किया था। अब सब कुछ खुल चुका है तो हम पैगम्बर-ए-इस्लाम का जन्मदिन पूरी शान-ओ-शौकत से मनाएंगे। महामंत्री ने आयोजन को लेकर अलग-अलग इलाकों से आए लोगों को उनके इलाके की जिम्मेदारी सौंपी।
इस मौके पर महबूब आलम खान, इस्लाम खान, आजाद मुफ्ती, रफी अहमद, अखलाक अहमद डेविड, कारी सगीर आलम, हबीबी मौलाना, शाह आलम, मौलाना अबरार कारी, अकील कारी, तैय्यब कारी, एहसान मौलाना, समीम अशरफी, मौलाना हसन आदि मौजूद रहें।
