-कुशीनगर के महापरिनिर्वाण स्तूप में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने संरक्षित रखा है अवशेष
कुशीनगर (हि.स.)। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन के वक्त कुशीनगर आए थे तो उन्होंने महापरिनिर्वाण मन्दिर में बुद्ध की 5वीं सदी की शयन मुद्रा वाली प्रतिमा के समक्ष पूजन अर्चन किया था। किंतु प्रतिमा के ठीक पीछे स्थित महापरिनिर्वाण स्तूप में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण द्वारा संरक्षित अस्थि अवशेषों की पूजा नहीं किए। पुनः दूसरी बार सोमवार को पड़ रही 2566वीं बुद्ध पूर्णिमा पर महापरिनिर्वाण मन्दिर आ रहे प्रधानमंत्री प्रतिमा के साथ-साथ अस्थि अवशेष को भी शीश नवायेंगे और बौद्ध रीति रिवाज से पूजन अर्चन करेंगे।
कुशीनगर में बुद्ध के महापरिनिर्वाण के बाद शिष्यों ने अस्थियों को सात भागों में विभक्त किया था। उसी समय से अस्थि अवशेष का एक भाग यहां मौजूद था। 1876 में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की खुदाई में प्रतिमा अस्थियां प्राप्त हुई थी। मन्दिर व स्तूप बनाकर प्रतिमा व अस्थियों को संरक्षित किया गया। बौद्ध साहित्य व किवदंतियों के हवाले से बौद्ध भिक्षु अशोक बताते हैं कि इन अस्थि अवशेषों पर अधिकार को लेकर सात गणराज्यों की सेना एकत्रित हुए थी। युद्ध की स्थिति आ गई। बुद्ध के शिष्य द्रोण ने अस्थियों को सात भागों में बांटकर युद्ध टाल दिया।
थाईलैंड, जापान, म्यांमार, श्रीलंका, चीन, भूटान, कम्बोडिया आदि देशों से आने वाले बौद्ध अनुयाई मन्दिर में स्थित बुद्ध प्रतिमा का पूजन करने के बाद अस्थियां सहेजे स्तूप की पूजा करते हैं। प्रधानमंत्री की पूजा के लिए जिला प्रशासन युद्ध स्तर पर तैयारी कर रहा। बौद्ध भिक्षुओं में भी उत्साह है। पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों में खुशी है।
कुशीनगर के विधायक पीएन पाठक ने बताया कि प्रधानमंत्री जी का दौरा अनायास नहीं है। इसका सन्देश केवल बौद्ध देशों में ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में जायेगा। दुनिया को शांति व विकास के मार्ग पर ले चलने व आतंकवाद से मुक्ति के लिए बुद्धिज्म एक मजबूत व प्रभावी जरिया है।
द रॉयल रेजीडेंसी ग्रुप के महाप्रबंधक ऑपरेशन पंकज कुमार सिंह कहते हैं कि किसी भी देश की अर्थव्यवस्था में पर्यटन का अहम योगदान है। भारत भी इससे अलग नहीं है। कोविड ने दुनिया के सभी देशों के समक्ष चुनौती पैदा कर दी है। दौरे से चुनौती से निपटने में मदद मिलेगी। दुनिया भर के पर्यटक बौद्ध सर्किट की ओर आकृष्ट होंगे।
गोपाल
