– गोवर्धन धारी भगवान श्रीकृष्ण के प्रति आस्था उफान पर दिखी,हजारों यादव बंधुओं ने केसरिया कड़कदार मुरेठा बांध खिड़कियाघाट दरबार में लगाई हाजिरी
वाराणसी(हि.स.)। दीपावली पर्व के दूसरे दिन शुक्रवार को गोवर्धन पूजा समिति की ओर से परम्परागत भव्य शोभायात्रा निकाली गईं। शोभायात्रा लहुराबीर से खिड़किया घाट तक निकाली गई। पूजा का मुख्य आयोजन खिड़किया घाट पर किया गया। शोभायात्रा में हजारों की संख्या में बाल, युवा और बुर्जुग यदुवंशी शामिल हुए।
भव्य शोभायात्रा की विशेषता गोरखपुर चौराचौरी के यादव बंधुओं का मनरी कला(लट्टबाजी),प्रयागराज के कलाकारों का कृष्ण-बलराम पर आधारित चरकुला नृत्य, लखनऊ के कैलाश यादव ग्रुप का कृष्ण राधिका मोर नृत्य,मथुरा के कलाकारों की फूलों की होली,माखनचोरी की प्रस्तुति रही। इन कलाकारों द्वारा भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं पर आधारित नयनाभिराम झांकियां दर्शकों का मन मोह रही थीं। यदुवंशियों के मनरी कला का प्रदर्शन, झांकी देखने के समाज के महिलाओं और बच्चों की भीड़ पूरे राह सड़क किनारे रहे जुटी रही।
शोभायात्रा में केसरिया कड़कदार मुरेठा (साफा) बांधे यदुवंशी युवाओं का उत्साह देखते बन रहा था। गोवर्धन धारी भगवान श्रीकृष्ण के प्रति आस्था बुर्जुगों में दिखी तो ज्यादातर युवा पार्टी विशेष का रह-रह कर नारा भी उछालते रहे। इसको लेकर आस्थावान बुजुर्गो ने टोका। उनका कहना था कि शोभायात्रा पार्टी विशेष की नही समाज की हैं। इसमें सभी दलों के लोग शामिल रहते है। शोभायात्रा में ढोल-नगाड़ों की थाप पर झूमते-नाचते यादव बंधुओं के साथ आकर्षक झांकियां आकर्षण का केंद्र रही। हालांकि कोविड काल के चलते पिछले वर्षो की भांति भीड़ शोभायात्रा में नहीं दिखी। शोभायात्रा लहुराबीर, पिपलानी कटरा, कबीरचौरा, लोहटिया, मैदागिन, विश्वेश्वरगंज, मछोदरी, मुकीमगंज होते हुए खिड़किया घाट स्थित गोवर्धन धाम पहुंची।
शोभायात्रा का नेतृत्व समिति के अध्यक्ष अशोक यादव, उपाध्यक्ष दिनेश यादव,महामंत्री पारस यादव पप्पू, कोषाध्यक्ष विनोद यादव ने किया। इसके पहले शोभायात्रा का लहुराबीर में उद्घाटन राज्यमंत्री गिरीश यादव ने किया। शोभायात्रा के दौरान पूरे राह सुरक्षा की चाक चौबंद व्यवस्था रही। अफसर खुद फोर्स के साथ शोभायात्रा के पूरे चलते रहे।
खिड़किया घाट पहुंचने के बाद शोभायात्रा में आये समाज के लोगों ने गोवर्धनधारी का पूजन-अर्चन किया । इस दौरान कलाकारों ने गंगा किनारे बने भव्य मंच पर भगवान श्रीकृष्ण की मोहक लीलाओं का मंचन किया। मंच पर समाज के सात प्रतिभाशाली विशिष्ट लोगों को ‘गोवर्धन श्री’ सम्मान से नवाजा गया।
