गोंडा : मुख्यमंत्री योगी के बाढ़ क्षेत्र के दौरे के क्रम में गोंडा जिले में आयोजित कार्यक्रम में शुक्रवार को कहा कि जिले में नेपाल से छोड़े गए पानी की वजह से बाढ़ के हालात हैं। बाढ़ ग्रस्त इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि सरयू ,शारदा व घाघरा जैसी नदियों में बाढ़ की स्थिति है। समय से समय से किए गए प्रयासों का परिमाण है कि बाढ़ का क्षेत्रफल कम हुआ है।
सीएम योगी ने अपने संबोधन में कहा कि कटान अवरोधक कार्य समय से कराए गए। इससे राहत मिली है। जिला प्रशासन राहत और बचाव के कार्य कर रहा है। शासन ने प्रत्येक जनपद में राहत धनराशि स्वीकृत की है। बचाव के सभी समन्वित उपाय किए गए हैं। राहत और बचाव के लिए नाव, स्टीमर की व्यवस्था की गई है। पीड़ित परिवार के लिए राहत सामग्री उपलब्ध कराई गई है।

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में एंटी रैबीज व एंटी स्नैक इंजेक्शन पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराया गया है। सरकार ने जल जमाव वाले क्षेत्रों मे होने वाले फसल के नुकसान का समय से आकलन करने का निर्देश दिया है। जिससे उन्हे समय से मुआवजा मिल सके। 5 सितंबर से स्वास्थ्य विभाग को जलजनित बीमारियों से बचाव के लिए स्वच्छता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है।
सरकार हर संभव मदद उपलब्ध करा रही है। बाढ़ से मृत्यु होने पर पीड़ित परिवार को चार लाख की सहायता की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा कृषक दुर्घटना बीमा योजना चलाई जा रही है। क्षतिग्रस्त मकान के लिए 95 हजार रुपये की सहायता प्रदान की जा रही है। बाढ़ में जिनके घर डूब गए हैं या बह गए हैं उनके लिए पीएम आवास की व्यवस्था की जा रही है। सीएम ने राहत व बचाव कार्य पर संतोष जताया और कहा कि राहत व बचाव कार्य संतोषजनक ढंग से आगे बढ़ रहा है।
