– मोस्ट वांटेड बन चुके महोबा के निलम्बित आईपीएस की जल्द होगी गिरफ्तारी : आईजी
– गुजरात, राजस्थान के लगातार चक्कर लगा रही पुलिस की टीमें, नहीं मिल रही मदद
– पाटीदार से सम्बन्धित लोग है गुजरात, राजस्थान के, सर्विलांश पर नहीं लग पा रहे फोन
हमीरपुर (हि.स.)। पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) चित्रकूट धाम मंडल के. सत्यनारायण ने शनिवार को यहां कहा कि पुलिस की लिस्ट में मोस्ट वांटेड बन चुके महोबा के तत्कालीन पुलिस अधीक्षक मणिलाल पाटीदार की गिरफ्तारी में गुजरात और राजस्थान की सरकारें कोई मदद नहीं कर रही है। इसी लिये उनकी गिरफ्तारी नहीं हो पा रही है जबकि पुलिस की टीमें लगातार इन दोनों राज्यों के चक्कर लगा रही है। इसके बावजूद जल्द ही गिरफ्तारी होगी।
आईजी आज पुलिस लाइन्स में मीडिया से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने बताया कि निलंबित आईपीएस ऑफीसर पाटीदार के खिलाफ पचास हजार रुपए का पुरस्कार घोषित किया जा चुका है। लुक आउट नोटिस भी जारी है। पुलिस लगभग सभी कार्रवाई कर चुकी है। लेकिन उनकी गिरफ्तारी गुजरात और राजस्थान सरकारों से सहयोग न मिलने की वजह से नहीं हो पा रही है। उन्होंने बताया कि पाटीदार से ज्यादातर संबंधित लोग गुजरात और राजस्थान के हैं। जिनके फोन सर्विलांस में नहीं लग पा रहे हैं।
हर राज्य के अपने कुछ नियम हैं। पाटीदार की कोई क्राइम हिस्ट्री नहीं है, इसलिए भी इन राज्यों के प्रशासन से सहयोग नहीं मिल पा रहा है। लेकिन उनकी टीमें लगातार पाटीदार की गिरफ्तारी को लेकर प्रयासरत हैं। बता दें कि पाटीदार के ऊपर महोबा के क्रेशर व्यापारी इंद्रकांत त्रिपाठी को कथित रूप से आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप है। जिसमें कई पुलिस कर्मियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
आईजी ने कहा कि नए साल में हमीरपुर की यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने की दिशा में काम होगा। ट्रैफिक पुलिस की कमी को दूर किया जाएगा। बड़ी आबादी वाले कस्बों मौदहा, राठ, सुमेरपुर और हमीरपुर को अतिक्रमण से मुक्त कराया जाएगा ताकि यातायात व्यवस्था सुचारू रहे। ईंट-गिट्टी, मौरंग और सरिया लेकर दिन में निकलने वाले ट्रैक्टरों के लिए नो इंट्री लगाई जाएगी। इन कस्बों में नए वेडिंग जोन चिन्हित किए जाएंगे। इसके साथ ही अपराधियों के विरुद्ध रासुका और गैंगेस्टर जैसी कार्रवाई भी अमल में लाई जाएगी।
आईजी ने हमीरपुर पुलिस की प्रशंसा करते हुए कहा कि गत वर्ष यहां की पुलिस ने अच्छा कार्य किया है। 22 केसों में प्रभावी पैरवी करके 13 केसों के आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा दिलाई है। 1.98 करोड़ की संपत्ति कुर्क की गई है। उन्होंने कहा कि मिशन शक्ति के तहत महिला उत्पीड़न से जुड़े मामलों को गंभीरता से लिया जा रहा है। इसकी मॉनीटरिंग भी की जा रही है। वार्ता के दौरान एसपी एनके सिंह, एएसपी एसके सिंह, सीओ सदर अनुराग सिंह, सौम्या पाण्डेय आदि मौजूद रहे।
