मूसलाधार बारिश से जलमग्न हुआ कानपुर देहात, संपर्क मार्ग से कट गये सैंकड़ों गांव
भरभराकर गिर रहे कच्चे घर, प्रशासन से सहयोग न मिलने से ग्रामीणों में रोष
कानपुर देहात (हि.स.)। दक्षिण पश्चिम मानसून से कानपुर देहात में लगातार तीन दिनों से मूसलाधार बारिश हो रही है। बारिश से जहां लोगों का जनजीवन अस्त—व्यस्त हो गया तो वहीं गांव और कस्बों की भौगोलिक स्थिति किसी टापू से कम नहीं दिख रही है। जनपद की दर्जनों सड़कें बह गई हैं और तेज बहाब से सैकड़ों गांवों का शहर से सड़क संपर्क मार्ग कट गया है। ऐसी स्थिति में जहां ग्रामीण एक—दूसरे की सहायता कर मदद कर रहे हैं तो वहीं प्रशासन के नुमाइंदे कागजी खानापूर्ति में जुटे हैं, जिससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त हो गया है।
बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से आ रही नम हवाएं उत्तर प्रदेश के लगभग सभी जनपदों में मानसूनी बारिश हो रही है। यह बारिश स्थानीय कारणों से कुछ जनपदों में मूसलाधार का रुप भी ले चुकी है। इनमें से एक कानपुर देहात जनपद भी है जहां तीन दिनों से मूसलाधार बारिश हो रही है और गांव से लेकर कस्बे तक जलमग्न हो गये हैं। लोगों के घरों में जहां पानी घुस गया है तो वहीं जिनके घर कच्चे हैं वह भरभराकर गिर रहे हैं। इसके साथ ही आकाशीय बिजली के कड़कने से लोगों में और खौफ हो गया और पानी के तेज बहाव से दर्जनों सड़कें बह गई, जिससे लोगों में परेशानियां बढ़ती ही जा रही हैं और शहर से संपर्क कटने से लोग अपने को असहाय मान रहे हैं। इन सबके बावजूद प्रशासनिक अमला बेफिक्र है, जिससे ग्रामीणों में जबरदस्त रोष है और बारिश की इस आपदा से निपटने के लिए लोग एक—दूसरे की मदद कर रहे हैं।
लोगों का कहना
अमरौधा ब्लाक के हरारा निवासी नरवेश यादव ने बताया कि गांव में पानी का निकास न होने के चलते घरों के बाहर पानी भर गया है। दर्जनों कच्चे घर गिर गये हैं और प्रशासन का कोई भी अधिकारी नहीं आया है। लालपुर निवासी रामचरन ने बताया कि अकबरपुर को जाने वाली सड़क पर दो दिनों से पानी ऊपर से जा रहा था और दबाव के चलते सड़क बह गई, जिससे गांव का शहर से संपर्क कट गया है। ग्राम महेरा निवासी मनीराम सिंह राजपूत ने बताया कि लंबे अरसे से गांव वाले नाला बनाने की मांग करते आ रहे हैं, लेकिन ग्रामीणों की कोई सुनवाई नहीं हुई और आज पूरा गांव टापू बन गया है। इसी तरह रुरा थानाक्षेत्र के तिगाहीं से रोशनमऊ मार्ग पानी के बहाव से कट गया है और नटपुरवा गांव के पास से आवागमन बन्द हो गया है। आवागमन बन्द होने से ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसी तरह रसूलाबाद क्षेत्र के बनीपारा मार्ग पर पुलिया के पास पानी के तेज बहाव के चलते पूरी डामर रोड कट गई। लोगों को इस मार्ग से जाने के लिए दूसरा रास्ता पकड़ना पड़ रहा है। वहीं बनीपारा से कहजरी जाने वाला सड़क मार्ग कट गया है।
जिम्मेदारों का कहना
उप जिलाधिकारी दीपाली भार्गव ने बताया कि तेज बारिश से जो भी नुकसान ग्रामीणों का हुआ है उसके मुआवजा के लिए लेखपालों को लगा दिया गया है। रही बात कैलई गांव में मकान गिरने से तीन लोगों के घायल होने की तो उनको आपदा राहत के तहत मुआवजा दिया जाएगा। एडीएम पकंज वर्मा ने बताया कि सभी ग्राम प्रधानों और ग्रामीण स्तर के कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिया गया है कि आपदा की जानकारी फौरन उपलब्ध कराएं। बताया कि किसी भी व्यक्ति को भूखा नहीं रहने दिया जाएगा और आपदा राहत के तहत जिसका नुकसान हुआ है उसकी भरपाई की जाएगी।
