कानपुर(हि.स.)। प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत हैलट अस्पताल में अतिगंभीर रोगियों के उपचार के लिए सौ बेड के क्रिटिकल केयर ब्लाॅक का निर्माण होगा। हालांकि अभी निर्माण एजेंसी का नाम तय नहीं हो पाया है। गणेश शंकर विद्यार्थी मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने यूपीआरएनएन को पत्र भेजा है।
कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि हैलट में सौ बेड का क्रिटिकल केयर ब्लॉक (सीसीबी) बनेगा। इसमें रोगियों को सभी विशेषज्ञताओं का एक ही छत के नीचे उपचार हो जाएगा। क्रिटिकल केयर ब्लॉक में बुखार, निमोनिया, गुर्दा रोग आदि मेडिसिन से संबंधित रोगों के गंभीर रोगियों को भी भर्ती किया जाएगा।
सीसीबी में सर्जरी विभाग से संबंधित ऑपरेशन भी होंगे। प्रसव भी कराए जाएंगे। यहां भर्ती होने वाले रोगी को दूसरे विभाग भेजने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत सीसीबी को मंजूरी मिल गई है। इसके साथ ही कार्यदायी संस्था भी घोषित कर दी गई।
हैलट में सौ बेड के ब्लॉक के लिए मंजूरी मिल गई है। इसे मेडिसिन और प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय के पास खाली भूमि पर बनाया जाएगा। यहां से रेडियो डायग्नोस्टिक विभाग और हैलट इमरजेंसी भी नजदीक रहेगी। ब्लॉक के लिए छह हजार वर्ग मीटर भूमि की उपलब्धता और शहर की आबादी 20 लाख होनी चाहिए। कानपुर इन दोनों मानकों पर खरा उतरता है। मेडिसिन विभाग के डॉ. सौरभ अग्रवाल ने बताया कि क्रिटिकल केयर विभाग बनने रोगियों को बहुत राहत मिलेगी। आईसीयू, एचडीयू, ऑपरेशन थिएटर, डिलेवरी कक्ष वगैरह सब सीसीबी में रहेंगे। साथ ही, उन्नत चिकित्सा सेवाएं भी मिलेंगी।
राम बहादुर
